Bhandara News: भंडारा जिले में नानाजी देशमुख कृषि संजीवनी परियोजना (पोकरा) के दूसरे चरण के तहत किसान उत्पादक संगठनों और महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए स्वरोजगार के नए अवसर खुलने जा रहे हैं।
जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी कार्यालय के अनुसार, ग्रामीण स्तर पर कृषि उपकरण बैंक स्थापित करने के लिए परियोजना लागत का 60 प्रतिशत या अधिकतम 24 लाख रुपये तक अनुदान दिया जाएगा। इस योजना का उद्देश्य खेती का आधुनिकीकरण और महिला समूहों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
योजना के तहत उमेद और माविम के माध्यम से संचालित महिला स्वयं सहायता समूह एवं ग्राम संगठन पात्र होंगे।
एक ही गांव से एक से अधिक आवेदन आने पर लाभार्थियों का चयन ऑनलाइन लॉटरी पद्धति से किया जाएगा।
यदि परियोजना लागत 20 लाख रुपये से अधिक होती है, तो लाभार्थी समूह को 75 प्रतिशत राशि राष्ट्रीयकृत बैंक से ऋण के रूप में लेना अनिवार्य होगा।
अनुदान की मदद से समूह ट्रैक्टर चालित उपकरण, बीबीएफ मशीन, रोपाई-बुआई यंत्र, मल्चिंग मशीन, कंबाइन हार्वेस्टर और उन्नत स्प्रे पंप जैसे आधुनिक कृषि यंत्र खरीद सकेंगे।
इच्छुक समूहों को 5 अप्रैल तक आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। अधिक जानकारी के लिए जिला अधीक्षक कृषि कार्यालय या संबंधित तहसील कृषि कार्यालय से संपर्क करने की अपील की गई है।
इस पहल से जिले में कृषि यंत्रीकरण को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होने की उम्मीद है।