Legal Services Authority Maharashtra (सोर्सः सोशल मीडिया)
Bhandara News: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और महाराष्ट्र राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, मुंबई के निर्देश पर शनिवार को जिला न्यायालय भंडारा में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। उद्घाटन प्रमुख जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष राजेश असमर के हाथों संपन्न हुआ। इस अवसर पर जिला न्यायाधीश-2 भारती वी. काले और जिला बार एसोसिएशन के सचिव धनंजय बोरकर प्रमुख रूप से उपस्थित थे।
लोक अदालत में कुल 3,187 मामलों को समझौते के लिए रखा गया था, जिनमें से आपसी सहमति से 1,032 मामलों का सफलतापूर्वक निपटारा किया गया। इनमें 731 लंबित मामले और 301 प्री-लिटिगेशन मामले शामिल थे। इस प्रक्रिया में अधिवक्ता मोगेश खोब्रागड़े और हितेश वर्मा ने महत्वपूर्ण सहयोग किया। इसी प्रकार वर्ष 2021 के एक अन्य मामले में घायल व्यक्ति को 7 लाख 90 हजार रुपये की क्षतिपूर्ति मंजूर की गई।
लोक अदालत का दिन कई परिवारों के लिए खुशियां लेकर आया। पारिवारिक विवाद के कारण एक वर्ष से अलग रह रहे एक दंपती के बीच पैनल प्रमुख वी. एम. देवार और अधिवक्ता शैलेश डोंगरे के प्रयासों से समझौता हुआ। आपसी सहमति के बाद पत्नी ने पति के साथ पुनः गृहस्थी बसाने का निर्णय लिया।
पूरे जिले में वैवाहिक विवाद के 10 मामलों में सुलह कराई गई। इस आयोजन की सफलता के लिए जिला बार एसोसिएशन, पुलिस प्रशासन और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अधीक्षकके. जी. चावरे सहित न्यायालय के सभी कर्मचारियों ने विशेष प्रयास किए।
ये भी पढ़े: अमेरिका में दौड़ेगा तुमसर का लाल! जितेंद्र पटले का दुनिया की फेमस ‘बोस्टन मैराथन’ के लिए हुआ सिलेक्शन
निपटारे के दौरान 13 मोटर दुर्घटना, 19 एन.आई. एक्ट, 13 बकाया वसूली, 10 पारिवारिक विवाद तथा 76 फौजदारी और दीवानी प्रकृति के मामलों का समाधान किया गया। इस प्रक्रिया में न्यायाधीश भा. वी. काले, वी. एम. देवर, एच. एम. वानखड़े, एस. एल. सोयंके और वी. वी. वाघमारे ने पैनल प्रमुख के रूप में जिम्मेदारी निभाई।
मोटर दुर्घटना से संबंधित मामलों में पीड़ित पक्षकारों को कुल 71 लाख 20 हजार रुपये की मुआवजा राशि प्रदान की गई। एक विशेष मामले में, जिसमें 6 दिसंबर 2024 को एक परिवार के मुखिया की दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी, पीड़ित परिवार को 17 लाख रुपये की सहायता दिलाई गई।