संभाजीनगर PWD में ₹250 करोड़ का घोटाला, बोगस वर्क ऑर्डर और QR कोड के खेल से हिला विभाग; सरकार ने बैठाई जांच!
Chhatrapati Sambhajinagar PWD Scam: छत्रपति संभाजीनगर PWD विभाग में ₹250 करोड़ का घोटाला! बोगस वर्क ऑर्डर और क्यूआर कोड के खेल से मची खलबली। अतुल चव्हाण की अध्यक्षता में जांच समिति गठित।
- Written By: प्रिया जैस
संभाजीनगर के PWD विभाग में घोटाला (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Atul Chavan Inquiry Committee: छत्रपति संभाजीनगर में निर्माण कार्य से संबंधित एक गंभीर घोटाले का मामला सामने आया है, जिसमें 250 करोड़ रुपये के काम में बोगस वर्क ऑर्डर के माध्यम से घोटाले की संभावना जताई जा रही है। यह मामला क्यूआर कोड के माध्यम से एक ठेकेदार को काम सौंपे जाने के बावजूद, काम एक दूसरे ठेकेदार को दिया जाने के कारण सामने आया है।
इस मामले की जांच के लिए राज्य सरकार ने निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता अतुल चव्हाण की अध्यक्षता में एक समिति बनाई है। समिति को इस मामले की जांच करने के लिए चार सप्ताह का समय दिया गया है।
संशय जताया जा रहा है कि छत्रपति संभाजीनगर जिला नियोजन समिति द्वारा स्वीकृत कामों के लिए निर्माण विभाग में बोगस वर्क ऑर्डर जारी किए गए थे और इस प्रक्रिया में करोड़ों रुपये की हेराफेरी की गई। यह भी पता चला है कि क्यूआर कोड एक नाम से जारी किया गया था, जबकि वर्क ऑर्डर दूसरे नाम पर था।
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100 करोड़ के कार्यों को मंजूरी
इस पूरे घोटाले में विभागीय अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। इस मामले में यह भी कहा जा रहा है कि इस घोटाले से संबंधित लगभग 100 करोड़ रुपये की कामों की मंजूरी, जो पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान डीपीसी से विभाग को दी गई थी, संदिग्ध हो सकती है।
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इसके अलावा, ऐसे मामलों के पूर्व में भी होने की आशंका व्यक्त की जा रही है। इस घोटाले के रैकेट में कुछ ठेकेदार बड़े लाभ में रहे हैं और इसमें निर्माण विभाग के टेंडर क्लर्क, विभागीय लेखाधिकारी, कार्यकारी अभियंता आदि जैसे कई विभागीय अधिकारी भी शामिल हो सकते हैं। अब इस घोटाले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की उम्मीद की जा रही है।
