Ghati Hospital AIIMS status (सोर्सः सोशल मीडिया)
Chhatrapati Sambhajinagar Medical College: छत्रपति संभाजीनगर शहर स्थित शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय एवं अस्पताल, जिसे सामान्यतः घाटी अस्पताल के नाम से जाना जाता है, को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) का दर्जा दिलाने के लिए राज्य सरकार की ओर से केंद्र सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से अनुरोध किया जाएगा। यह जानकारी राज्य के वैद्यकीय शिक्षण मंत्री हसन मुश्रीफ ने विधान परिषद में दी।
मराठवाड़ा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के विधायक सतीश चव्हाण ने विधान परिषद में ध्यानाकर्षण सूचना के माध्यम से यह मुद्दा उठाया। उन्होंने सदन का ध्यान इस ओर आकर्षित किया कि यदि इस शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय एवं अस्पताल को ‘एम्स’ का दर्जा प्राप्त होता है, तो केंद्र सरकार से लगभग दो से तीन हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त आर्थिक सहयोग मिल सकता है। इस निधि के माध्यम से अस्पताल की भौतिक सुविधाओं का विस्तार, अत्याधुनिक उपकरणों की उपलब्धता, विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति तथा उपचार सेवाओं की गुणवत्ता को उच्च स्तर पर ले जाना संभव होगा।
विधायक चव्हाण के प्रश्न का उत्तर देते हुए मंत्री हसन मुश्रीफ ने कहा कि घाटी अस्पताल को ‘एम्स’ का दर्जा देने के संबंध में राज्य सरकार सकारात्मक है। इस विषय में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के माध्यम से केंद्र सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय से औपचारिक अनुरोध किया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस महत्वपूर्ण मांग पर गंभीरतापूर्वक विचार कर रही है, ताकि क्षेत्र के नागरिकों को उच्च स्तरीय और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें। इस चर्चा में विधायक विक्रम काले ने भी भाग लिया और घाटी अस्पताल को राष्ट्रीय स्तर की मान्यता दिए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया।