संभाजीनगर को राहत! नक्षत्रवाड़ी पंपहाउस की मरम्मत अंतिम चरण में, अगले 2 दिनों में फिर शुरू होगी वॉटर सप्लाई
Sambhajinagar Water Supply: नक्षत्रवाड़ी पंपहाउस की लीकेज मरम्मत अंतिम चरण में है। सोमवार दोपहर या मंगलवार सुबह से नई जलापूर्ति योजना के तहत फिर से पानी की सप्लाई शुरू होने की उम्मीद है।
- Written By: अंकिता पटेल
जलापूर्ति योजना,(सोर्स: सोशल मीडिया)
Sambhajinagar Pumphouse Leak Repair: छत्रपति संभाजीनगर नई जलापूर्ति योजना के तहत नक्षत्रवाड़ी स्थित पंपहाउस में हुई लीकेज की मरम्मत अब अंतिम चरण में है व सब कुछ ठीक रहा, तो अगले दो दिनों में जैकवेल से दोबारा पंपिंग शुरू की जाएगी। पंपहाउस की छत पर वॉटरप्रूफिंग का काम युद्धस्तर पर जारी है व विद्युत पैनलों की विशेषज्ञों के जरिए बारीकी से जांच जारी है।
मरम्मत होने के बाद सोमवार दोपहर या मंगलवार सुबह से नई योजना के तहत फिर से पानी की सप्लाई शुरू होने की उम्मीद है। नई जलापूर्ति योजना के पहले चरण में रोजाना 200 एमएलडी पानी उठाने का लक्ष्य रखा गया है।
हालांकि योजना शुरू होने के बाद से लगातार तकनीकी समस्याओं के चलते वह पूरी क्षमता से संचालित नहीं की जा सकी। मुख्य पाइपलाइन के एयर वाल्व फटना, विभिन्न स्थानों पर पाइपलाइन, वॉल्व में लीकेज, साइफन प्रणाली में आई बाधाओं जैसी समस्याओं को दूर करते हुए प्रशासन ने चरणबद्ध तरीके से जलापूर्ति जारी रखी थी।
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पंपिंग तत्काल की गई बंद
नक्षत्रवाड़ी स्थित एमबीआर के जरिए शहर को करीब 20 एमएलडी पानी भी उपलब्ध कराया जा रहा था।इसी बीच, आर्द्रा नक्षत्र की पहली वर्षा में नक्षत्रवाड़ी पंपहाउस की छत से पानी रिसनकर सीधे विद्युत पैनलों तक पहुंचने लगा। किसी भी बड़े हादसे से बचने के लिए 24 जून से जैकवेल से होने वाली पंपिंग तत्काल बंद की गई।
पैनलों की सुरक्षा जांच के लिए विशेषज्ञों की नियुक्ति
नई जलापूर्ति योजना शुरू होने के बाद से एयर वाल्व फटना, पाइपलाइन व वाल्व में लीकेज, साइफन प्रणाली में रुकावट व अब पंपहाउस में रिसाव जैसी लगातार तकनीकी समस्याएं सामने आती रही है। नतीजतन, 200 एमएलडी क्षमता वाली योजना अब तक पूरी तरह चालू नहीं हो सकी है। सभी तकनीकी खामियां दूर होने के बाद ही शहरवासियों को नियमित व निर्वाध जलापूर्ति मिल सकेगी।
मनपा आयुक्त अमोल येडगे ने बीते दिन पंपहाउस व जैकवेल का निरीक्षण कर मजिपा व जीवीपीआर कंपनी के अधिकारियों को दो दिनों के भीतर लीकेज पूरी तरह रोक पंपिंग शुरू करने के निर्देश दिए तदुपरांत ठेकेदार कंपनी ने वॉटरप्रूफिंग कार्य में तेजी लाकर विद्युत पैनलों की सुरक्षा जांच के लिए विशेषज्ञों की नियुक्ति की है। वॉटरप्रूफिंग के सूखने के लिए जरूरी समय पूरा होने के बाद पंपिंग शुरू करने का फैसला लिया जाएगा।
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कई क्षेत्रों में पानी वितरण अव्यवस्थित
पंपिंग बंद होने से शहर को मिलने वाली 40 एमएलडी अतिरिक्त जलापूर्ति रुक गई व कई क्षेत्रों में पानी वितरण की समयसारिणी बिगड़ गई। नई योजना से मिलने वाले पानी से सिडको हडको, चिकलथाना, मुकुंदवाड़ी, राम नगर, हसूल, जटवाड़ा, गारखेड़ा, शिवाजी नगर, जयविश्वभारती कॉलोनी, शाहनूर मियां दरगाह, पडेगांव, मिटमिटा व पुराने शहर के कई क्षेत्रों की जलापूर्ति में सुधार हुआ था। पंपिंग बंद होने के बाद फिर से जलापूर्ति के अंतराल बढ़ने से कई क्षेत्रों में जल संकट गहरा गया है।
