

Sambhajinagar CJP Workers Hunger Strike: कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की कार्यकारिणी के गठन के विरोध में विभागीय आयुक्त कार्यालय के सामने अनशन पर बैठे पार्टी के तीन कार्यकर्ताओं को सोमवार को पुलिस ने इलाज के लिए सरकारी घाटी अस्पताल में भर्ती कराया।
सूत्रों के अनुसार, अस्पताल में तीनों का इलाज जारी है। सीजेपी के तीन युवा कार्यकर्ता पार्टी प्रमुख अभिजीत दिपके की ओर से गठित कार्यकारिणी के विरोध में अनशन पर बैठे हैं।
आंदोलनकारियों का आरोप है कि पार्टी की कार्यकारिणी में अभिजीत दिपके के मित्रों, परिचितों तथा आम आदमी पार्टी से जुड़े पुराने कार्यकर्ताओं को पदाधिकारी बनाया गया है। इससे पार्टी के अन्य कार्यकर्ताओं में नाराजगी है।
अनशन कर रहे कार्यकर्ताओं की प्रमुख मांग है कि दिल्ली में हुए आंदोलन के दौरान सक्रिय रूप से भाग लेने वाले विद्यार्थियों और कार्यकर्ताओं को भी पार्टी की कार्यकारिणी में उचित प्रतिनिधित्व दिया जाए। उनका कहना है कि आंदोलन के दौरान हजारों विद्यार्थियों और युवाओं ने संगठन के समर्थन में सड़कों पर उतरकर संघर्ष किया।
कई कार्यकर्ताओं को पुलिस की कार्रवाई का भी सामना करना पड़ा। इसके बावजूद आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले इन कार्यकर्ताओं को पार्टी की निर्णय प्रक्रिया में पर्याप्त स्थान नहीं मिल रहा है। अनशनकर्ताओं ने कहा कि आंदोलन को मजबूत बनाने और सफल करने में जिन लोगों ने सक्रिय योगदान दिया, उनकी उपेक्षा नहीं की जानी चाहिए।
उन्हें संगठन में उचित जिम्मेदारी और सम्मान मिलना जरूरी है। कार्यकर्ताओं ने कार्यकारिणी में कथित पक्षपात समाप्त कर आंदोलन में सक्रिय रहे लोगों को पद देने की मांग की है। चार दिनों से जारी अनशन के कारण स्वास्थ्य बिगड़ने की स्थिति को देखते हुए छत्रपति संभाजीनगर पुलिस ने सोमवार को तीनों को अस्पताल पहुंचाया। घाटी अस्पताल में चिकित्सकों की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है।