यशोमती ठाकुर (सोर्सः सोशल मीडिया)
MGNREGA Payment Delay Melghat: कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री यशोमती ठाकुर ने मेलघाट की स्थिति को लेकर महायुति सरकार पर तीखा हमला बोला है।
उन्होंने कहा कि सरकार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक के उपयोग की बातें कर रही है, लेकिन उसे मेलघाट जैसे आदिवासी क्षेत्रों की वास्तविक स्थिति भी देखनी चाहिए। ठाकुर के अनुसार यहां के लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है।
यशोमती ठाकुर ने आरोप लगाया कि सरकार ने आदिवासी मजदूरों के मनरेगा रोजगार के पैसे रोक रखे हैं। इसके कारण मेलघाट के कई परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि होली का त्योहार आदिवासी समुदाय के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है, लेकिन पैसों की कमी के कारण कई परिवार इसे ठीक से मना भी नहीं पा रहे हैं।
पूर्व मंत्री ने मेलघाट की स्वास्थ्य व्यवस्था को भी गंभीर रूप से प्रभावित बताया। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाएं लगभग चरमरा चुकी हैं। इलाज और चिकित्सा सेवाओं की कमी के कारण स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
यशोमती ठाकुर ने बताया कि उन्होंने हाल ही में चिखलदरा ग्रामीण अस्पताल का दौरा किया था। दौरे के दौरान अस्पताल में डॉक्टर मौजूद नहीं थे। उन्होंने आरोप लगाया कि चिकित्सा अधिकारी पिछले 8 से 15 दिनों से अस्पताल नहीं आए थे। जब उनसे इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने ट्रेनिंग में होने का जवाब देकर मामले को टालने की कोशिश की।
ये भी पढ़ें :- इगतपुरी छात्रावास में सनसनीखेज मामला, 7 नाबालिगों पर छोटे बच्चों के यौन उत्पीड़न का आरोप
ठाकुर ने यह भी कहा कि मेलघाट क्षेत्र में बड़ी संख्या में लोग सिकल सेल बीमारी से पीड़ित हैं। इसके बावजूद स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी के कारण मरीजों को उचित उपचार नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की कि आदिवासी क्षेत्रों की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए तत्काल ठोस कदम उठाए जाएं।