फर्जी दस्तावेजों पर बांटे जन्म प्रमाणपत्र की जांच करें, किरीट सोमैया सरकार से करेंगे मांग

Kirit Somaiya News: अमरावती में जन्म प्रमाणपत्र घोटाले की जांच तेज। किरीट सोमैया ने 942 फर्जी दस्तावेज मामलों पर सरकार से कार्रवाई की मांग की। विभागीय जांच जारी है।
फर्जी दस्तावेजों पर बांटे जन्म प्रमाणपत्र की जांच करें
फर्जी दस्तावेजों पर बांटे जन्म प्रमाणपत्र की जांच करें (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Amravati Administration Action: नायब तहसीलदार (राजस्व), अमरावती न्यायालय ने भाजपा नेता किरीट सोमैया को पत्र भेजकर सूचित किया था कि 942 आवेदकों द्वारा जन्म प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए प्रस्तुत दस्तावेजों और आधार कार्ड पर दर्ज जन्मतिथि में भिन्नता पाई गई है। इसी मामले को लेकर किरीट सोमैया ने गुरुवार को शहर पहुंचकर जिलाधीश आशीष येरेकर से मुलाकात की।

इसके बाद आयोजित पत्रकार परिषद में उन्होंने कहा कि इस मामले में विभागीय जांच कराई जाएगी और सरकार से कार्रवाई की मांग की जाएगी। पत्रकार परिषद में शहर अध्यक्ष डॉ. नितिन धांडे, पूर्व अध्यक्ष किरण पातुरकर और अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

10 महीनों से जारी फॉलो-अप

सोमैया ने जानकारी दी कि इस मामले को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को भी पत्र भेजा था। वहीं, 25 नवंबर को तहसीलदंडाधिकारी तथा तहसीलदार, अमरावती न्यायालय की ओर से गाडगेनगर थाने के पुलिस निरीक्षक को पत्र भेजकर इन 942 प्रकरणों की जांच कर आवेदक-निहाय रिपोर्ट तैयार करने और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए थे।

कुल 2,896 आवेदनों में से 942 आवेदनों में जन्मतिथि संबंधी गड़बड़ी पाई गई है। आवेदकों ने आवेदन/शपथपत्र में एक जन्मतिथि दर्ज की थी, जबकि उनके आधार कार्ड पर दर्ज जन्मतिथि अलग थी। इसके बावजूद, सम्बंधित अधिकारियों द्वारा सभी आवेदन बिना आपत्ति स्वीकृत कर लिए गए।

अब जांच में आई तेजी

सोमैया ने बताया कि यह प्रकरण फरवरी 2025 में सामने आया था, परंतु उस समय के जिलाधीश, पुलिस आयुक्त व मनपा आयुक्त ने जांच में अपेक्षित तेजी नहीं दिखाई। अब नए अधिकारियों के कार्यभार संभालने से जांच में तेजी आई है और इन 942 लोगों को आरोपी बनाने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

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