Amravati Circle: अमरावती परिमंडल के अंतर्गत अमरावती और यवतमाल जिलों में 7.5 एचपी या उससे अधिक क्षमता वाले कृषि पंप धारक किसानों पर कुल 201 करोड़ 64 लाख रुपये का बिजली बिल बकाया है. इस भारी बकाया राशि की वसूली के लिए महावितरण ने मार्च महीने में विशेष मुहिम शुरू की है. इसके तहत कर्मचारी घरघर जाकर बिल वसूली कर रहे हैं.
मुख्य अभियंता अशोक सालुंके ने सभी बकायादार किसानों से अपना बकाया बिल तुरंत भरकर सहयोग करने की अपील की. फोटो फाईल बलिराजा मुफ्त बिजली योजना महावितरण ने साफ किया है कि बलिराजा मुफ्त बिजली योजना सभी किसानों के लिए नहीं है. यह योजना केवल 7.5 एचपी से कम क्षमता वाले कृषि पंपों के लिए ही लागू है.
इस योजना के तहत सरकार ने 2025 से 2030 तक की अवधि के लिए ऐसे पंपों का चालू बिजली बिल शून्य कर दिया है. हालांकि, जिन किसानों के पास 7.5 एचपी या उससे अधिक क्षमता के पंप हैं, उनके लिए बिजली बिल भरना अनिवार्य है. दिन में बिजली आपूर्ति और सौर योजना किसानों को दिन के समय बिजली उपलब्ध कराने के लिए राज्य में मुख्यमंत्री सौर कृषि वाहिनी योजना चलाई जा रही है. इसके तहत सौर परियोजनाएं, फीडर पृथक्करण, नई बिजली लाइनें और सबस्टेशन बनाने का काम बड़े स्तर पर जारी है.
महावितरण के अनुसार परिमंडल के लगभग 2.80 लाख किसानों में से करीब 70 प्रतिशत किसानों को अब दिन में बिजली आपूर्ति का लाभ मिल रहा है. जिलेवार बकाया आंकड़े संभाग में 7.5 एचपी से अधिक क्षमता वाले कुल 6,076 किसान बकायादार हैं. इनमें से अमरावती जिले के 4,098 किसानों पर 106 करोड़ 2 लाख रुपये बकाया हैं, जबकि यवतमाल जिले के 1,978 किसानों पर 95 करोड़ 62 लाख रुपये का बिजली बिल बकाया है. महावितरण ने इन सभी किसानों से समय पर भुगतान करने का आग्रह किया है.