Amravati News: नांदगांव खंडेश्वर तहसील अंतर्गत नगर में बस स्टेशन परिसर में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी माकपा द्वारा अंधविश्वास के विरोध में जोरदार आवाज उठाई गई. पार्टी ने आरोप लगाया कि राज्य के 39 विधायक अंधविश्वास के प्रभाव में आकर कथित रूप से अशोक खरात की धोखाधड़ीपूर्ण तांत्रिक गतिविधियों में शामिल हो गए हैं. माकपा ने राज्य सरकार से मांग की है कि ऐसे विधायकों की सूची तुरंत सार्वजनिक की जाए और उनसे इस्तीफा लिया जाए.
इसके साथ ही सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे पीड़ित महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो हटाने की भी मांग की गई, जिससे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान हो रहा है.सरकार के खिलाफ नारेबाजीपार्टी ने यह भी मांग उठाई कि राज्य के प्रत्येक पुलिस थाने में अंधविश्वासविरोधी प्रकोष्ठ स्थापित कर उसे सक्रिय किया जाए. साथ ही जादूटोना विरोधी अधिनियम के तहत नियम बनाकर उनका कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए.
इन मांगों को लेकर राज्यव्यापी आंदोलन के तहत नांदगांव खंडेश्वर बस स्टॉप चौराहे पर प्रदर्शन किया गया. कार्यकर्ताओं ने जोरदार नारेबाजी करते हुए तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा. माकपा ने यह भी मांग की कि सोशल मीडिया पर स्वयंभू बाबाओं, ज्योतिषियों और तांत्रिक गतिविधियों को बढ़ावा देने वाले विज्ञापनों को नियंत्रित करने के लिए एक स्वतंत्र तंत्र बनाया जाए.
प्रदर्शन में माकपा के तहसील सचिव शाम शिंदे सहित अशोक केसारखाने, विजय पाटील, योगेश महल्ले, दीपक अंबाडरे, राजेंद्र राऊत, प्रभाकर खडसे, दिलीप महल्ले, शत्रुघ्न नगर, लक्ष्मण झिमटे, रामदास मते, नारायण सोनोने, ज्ञानेश्वर शिंदे, मारुती बंड, विशाल शिंदे, किशोर शिंदे, लालचंद इंगोले और अन्य कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित थे.