Amravati Village Development News: अमरावती जिले में अतिवृष्टि और बाढ़ से प्रभावित होकर पुनर्वासित किए गए गांवों के विकास को गति देने के लिए राज्य सरकार ने अहम निर्णय लिया है। राजस्व व वन विभाग ने इन गांवों में लंबित नागरिक सुविधा कार्यों के बिलों के भुगतान हेतु 76 लाख 86 हजार रुपये की निधि मंजूर की है।
यह निधि वित्तीय वर्ष 2025-26 के तहत अमरावती और वरुड़ तहसील के 15 पुनर्वासित गांवों में बुनियादी ढांचे के विकास पर खर्च की जाएगी। अमरावती तहसील के देवरी और देवरा गांवों में आंतरिक सड़क और नाली निर्माण के लिए राशि आवंटित की गई है।
वहीं, वरुड़ तहसील के आमनेर, चांदस, देऊतवाडा, गाडेगांव, खानापुर, मोशीखुर्द, पोरगव्हाण, वेढापुर, वंडली, मालखेड, पुसला, लिंगा और सावंगी गांवों में सार्वजनिक शौचालय, आंगनवाड़ी और अन्य बुनियादी सुविधाओं के निर्माण कार्यों को पूरा करने के लिए निधि दी गई है।
इस राशि का प्रमुख उद्देश्य उन कार्यों के बिलों का भुगतान करना है, जिन्हें पहले ही प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी थी। इसमें सड़क और नाली निर्माण के लिए 6 लाख रुपये तथा शौचालय व अन्य सुविधाओं के लिए 70 लाख 86 हजार रुपये का प्रावधान किया गया है। शासन ने निधि के उपयोग को लेकर अमरावती विभागीय आयुक्त और संबंधित कार्यकारी अभियंताओं को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं।
उल्लेखनीय है कि पिछले कुछ वर्षों में जिले में हुई तेज बारिश और बाढ़ से कई गांवों को भारी नुकसान हुआ था। प्रभावितों के पुनर्वास के बाद से ही बिजली, पानी, सड़क और स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाओं को लेकर मांग उठ रही थी। राज्य सरकार के इस फैसले से पुनर्वासित गांवों में विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है।