

Murtizapur Farmers Protest: सरकार की घोषणाओं और आश्वासनों के बावजूद किसानों को आर्थिक सहायता नहीं मिलने के विरोध में तहसील क्षेत्र के किसानों ने गुरुवार को काला पोला मनाया। नगरपालिका कार्यालय से सजी बैलजोड़ियों के साथ किसान जुलूस के रूप में एसडीओ कार्यालय पहुंचे और विभिन्न मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
किसानों का आरोप है कि चुनाव से पहले घोषित एक मुश्त कर्जमाफी का लाभ अनेक किसानों को नहीं मिला। 2025 के लिए घोषित 17,500 रुपए फसल बीमा राशि भी अब तक नहीं मिली है। दोषपूर्ण सोयाबीन बीज से हुए नुकसान का मुआवजा भी किसानों को नहीं दिया गया, बारिश की कमी, कुओं में पानी का अभाव और तेज गर्मी से सोयाबीन फसल प्रभावित हुई है।
किसानों ने कहा कि 15 मई को 46 डिग्री तापमान में ट्रैक्टर मोर्चा निकाला गया था। इसके बाद 22 जून को 45 डिग्री तापमान में प्रगति किसान मंडल के अध्यक्ष राजू वानखडे ने एसडीओ कार्यालय के सामने आमरण अनशन शुरू किया था। आश्वासनों के बावजूद आर्थिक सहायता नहीं मिलने पर किसानों ने काला पोला मनाकर विरोध जताया। राजू वानखडे ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गई तो किसानों के साथ फिर आमरण अनशन किया जाएगा।
तहसीलदार शिल्पा बोबडे ने मांगें वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर जनमंच नागपुर के प्रा. सुधाकर गौरखेडे, कैलास साबले, डॉ. संजय उमाले, प्रमोद राजंदेकर, शरद सरोदे, सुभाष मोरे, बालासाहब खांडेकर, अभी पोलकट, योगेश सोलंके, मुन्ना नाईक नवरे, नंदकिशोर बबानीया, मनोहर ताकतोडे, प्रफुल्ल मालधुरे, प्रवीण ढगे, स्वप्निल जामनिक, गोपाल तायडे और अरुण बोंडे सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।