शासकीय अस्पताल का नहीं होगा निजीकरण, अकोला विधायक सावरकर ने लिया जायजा, बोले- असुविधा बर्दाश्त नहीं

Akola Super Speciality Hospital: विधायक रणधीर सावरकर ने अकोला सरकारी अस्पताल व सुपर स्पेशालिटी विभाग का निरीक्षण किया। मरीजों की समस्याओं, रिक्त पदों और मशीनरी की कमी पर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
MLA Randhir Savarkar
बैठक में उपस्थित विधायक सावरकर व अधिकारी (फोटो नवभारत)
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MLA Randhir Savarkar News: विधायक रणधीर सावरकर ने अकोला शहर में शासकीय महाविद्यालय व सामान्य अस्पताल तथा सिटी सुपर हॉस्पिटल परिसर का अचानक दौरा किया। इस दौरान उन्होंने विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए सुपर स्पेशालिटी विभाग, मैन पॉवर और मशीनरी से संबंधित विषयों पर प्रशासनिक अधिकारियों और चिकित्सकों के साथ विस्तृत चर्चा की।

विधायक सावरकर ने अस्पताल परिसर का निरीक्षण करते हुए अस्पताल प्रशासन की कठिनाइयों, मरीजों की समस्याओं और कर्मचारियों की अड़चनों को प्रत्यक्ष रूप से जाना। उन्होंने कहा कि केवल विरोध के लिए विरोध करना उचित नहीं है। विपक्ष द्वारा शासन को बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि वास्तव में अस्पताल का निजीकरण नहीं हो रहा है।

महाराष्ट्र सरकार 14 करोड़ जनता के कल्याण के लिए कटिबद्ध है और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री अजित पवार तथा उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में सरकार सक्रिय रूप से कार्यरत है।

असुविधा बर्दाश्त नहीं: विधायक सावरकर

निरीक्षण के दौरान विधायक सावरकर ने कैथ लैब, रिक्त पदों की पूर्ति, न्यूरो सर्जरी उपकरण, वेंटिलेटर, प्लास्टिक सर्जरी उपकरण, रेडियोलॉजी शिफ्टिंग आदि विषयों पर जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि मरीजों को होने वाली किसी भी प्रकार की असुविधा बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि कर्मचारियों को धमकाने का कोई प्रयास किया गया तो उसे भी सहन नहीं किया जाएगा।

शीतकालीन सत्र में उठाएंगे मुद्दा

नागपुर में 8 दिसंबर से शुरू होने वाले महाराष्ट्र विधानसभा के शीतकालीन सत्र के मद्देनजर उन्होंने सभी समस्याओं का संज्ञान लिया और कहा कि शासन स्तर पर इन मुद्दों की पहल की जाएगी। उन्होंने प्रशासन और मरीजों के बीच मौजूद सुविधाओं की कमी को गंभीरता से लिया और आश्वासन दिया कि राज्य सरकार इन समस्याओं को दूर करने के लिए ठोस कदम उठाएगी।

5 जिलों से आते मरीज

विधायक सावरकर ने कहा कि अकोला के अस्पतालों में पांच जिलों से मरीज आते हैं, इसलिए उनकी देखभाल और सुविधा में कोई कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने उपस्थित चिकित्सकों और कर्मचारियों से अपील की कि मरीजों की सेवा को ईश्वर सेवा समझकर कार्य करें और उनकी हर संभव मदद करें। इस निरीक्षण दौरे में उनके साथ माधव मानकर, वसंत बाछुका, डॉ. अमित कावरे, डॉ. अभय जैन, डॉ. किशोर मालोकार, विजय अग्रवाल, जयंत मसने उपस्थित थे।

इस अवसर पर कॉलेज के अधिष्ठाता डॉ. संजय सोनूने, डॉ. तलोकार, डॉ. अनूप केला, डॉ. अरविंद आडे, डॉ. श्यामकुमार शिरसान, डॉ. दिलीप सराटे, डॉ. गणेश बोइनोल, डॉ. महाकोलीवाल, डॉ. गणेश राठोड सहित कई वरिष्ठ चिकित्सकों ने विधायक सावरकर से संवाद किया। डॉ. एमडी अष्टपुत्रे ने प्लास्टिक सर्जरी उपकरण और रेडियोलॉजी शिफ्टिंग से संबंधित विषयों पर चर्चा की।

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