

Akola Farmers Fertilizer Purchase Queue: मानसून की समुचित बारिश होने के बाद ही अकोला जिले में खरीफ फसलों की बुआई शुरू होती है। अभी मानसून पहुंचा ही नहीं है। जिले में किसान मानसून की बारिश आने से पहले ही अपने खेतों की सफाई तथा बुआई पूर्व किए जाने वाले कार्य पूरे कर लेते हैं। जिससे मानसून की समूचित बारिश होते ही किसान अपने खेतों में तेजी से खरीफ फसलों की बुआई कर सकें।
इस बार की स्थिति जिले भर में थोड़ी अलग है। किसान खेतों की सफाई तथा अन्य कार्य करने की बजाए कृषि सेवा केंद्रों के सामने जो खाद उन्हें चाहिए उसे खरीदने के लिए कतारों में लगे हैं। अकोला जिले की कुछ तहसीलों में कृषि सामग्री बिक्री प्रतिष्ठानों के सामने कहीं भीड़ बहुत अधिक है तो कहीं कहीं भीड़ कुछ कम है लेकिन किसान आसानी से खाद, बीज आदि खरीद नहीं पा रहे हैं।
किसानों का ध्यान इस ओर लगा है कि मानसून की बारिश शुरू होने से पहले ही उन्हें जितने प्रमाण में जो बीज चाहिए, जो खाद चाहिए वह उपलब्ध हो जाए, बारिश से पूर्व खेतों की सफाई हो जाए लेकिन फिलहाल किसानों के लिए यह सभी बातें आसान नहीं हैं। आर्थिक संकट में फंसा हुआ जिले का किसान खरीफ फसलों की बुआई के लिए पहले तो पैसों का इंतजाम करता है चाहे बैंकों से फसल कर्ज मिले या निजी स्तर पर कर्ज मिले उसे हर हाल में खरीफ फसलों की बुआई तो करनी ही हैं।
इस विषम परिस्थिति में भी किसानों को आसानी से उनके मनचाहे बीज और खाद उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। कुछ किसानों ने अपने खेतों को पूरी तरह से ठीक कर लिया है तो कुछ किसान अभी भी अपने खेतों को ठीक करने में लगे हैं।