वंडगांव में आरक्षण के लिए वंजारी समाज का विरोध प्रदर्शन, 3 घंटे तक पानी में रहे ग्रामवासी

Wanjari community reservation: वंजारी समुदाय को अनुसूचित जनजाति में शामिल करने, आरक्षण दिलाने और एक अलग निगम बनाने जैसी प्रमुख मांगों को लेकर वडगांव में 3 लोगों का अनशन 10 दिनों से चल रहा है।
वंडगांव में आरक्षण के लिए वंजारी महिलाओं का विरोध प्रदर्शन
वंडगांव में आरक्षण के लिए वंजारी महिलाओं का विरोध प्रदर्शन (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Ahilyanagar News: वंजारी समुदाय को अनुसूचित जनजाति (एसटी) में शामिल करने, आरक्षण दिलाने और समुदाय के लिए एक अलग निगम बनाने जैसी प्रमुख मांगों को लेकर वडगांव (तेलंगाना शेवगांव) में तीन लोगों का अनशन दस दिनों से चल रहा है, वहीं शुक्रवार (10 तारीख) को ग्रामीणों ने महिलाओं के साथ तालाब पर उतरकर उनके समर्थन में जल विसर्जन किया। इससे प्रशासन को आनन-फानन में कार्रवाई करनी पड़ी। तीन घंटे तक चला यह अनशन कल (शनिवार) ज़िला कलेक्टर के आने के आश्वासन के बाद समाप्त किया गया।

परमेश्वर उर्फ ​​पप्पू केदार, डॉ. अभिजीत गीते और युवराज जावरे जैसे युवा वड़गांव के कनीफनाथ मंदिर में वंजारी समुदाय के आरक्षण की मांग को लेकर दस दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। उनके समर्थन में इलाके के समुदाय के लोग वड़गांव जा रहे हैं।

5 से 6 फीट गहरे पानी में रहे खड़े

इसी पृष्ठभूमि में, वड़गांव और थाटे इलाकों की वंजारी समुदाय की महिलाओं ने दोनों गांवों के ग्रामीणों के साथ शुक्रवार सुबह पजार झील में प्रवेश किया और जल विसर्जन शुरू कर दिया। बड़ी संख्या में महिलाओं के लगभग पाँच से छह फीट गहरे पानी में खड़े होने पर प्रशासन तुरंत मौके पर पहुँच गया। प्रांतीय अधिकारी प्रसाद मते के अनुसार, शेवगांव के तहसीलदार आकाश दहाड़े, पुलिस निरीक्षक संतोष मुटकुले और अन्य अधिकारियों ने काफी देर तक प्रदर्शनकारी महिलाओं को समझाने की कोशिश की।

युवाओं की भूख हड़ताल जारी

प्रदर्शनकारियों ने ज़िला कलेक्टर के दौरे के बिना अपना विरोध वापस न लेने का फैसला किया। प्रांतीय अधिकारी द्वारा ज़िला कलेक्टर के कल (शनिवार) उनसे मिलने का आश्वासन मिलने के बाद महिलाओं ने विरोध वापस ले लिया। लगभग पाँच सौ से छह सौ की आबादी वाले वडगांव में यह विरोध प्रदर्शन एक तीर्थस्थल का रूप ले चुका है। महिलाओं के आक्रामक रवैये के कारण पिछले कुछ समय से इलाके में तनाव बना हुआ था। पुलिस प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में रखा और अतिरिक्त मदद बुलाई।

अमोल दौंड की आत्महत्या पर रोष व्यक्त

इस बीच, हाल ही में बोधेगांव में वंजारी आरक्षण की मांग को लेकर सड़क जाम किया गया। प्रदर्शनकारियों ने पड़ोसी कोनोशी के एक युवक अमोल दौंड की आत्महत्या पर रोष व्यक्त किया है। वडगांव के भूख हड़ताल कर रहे लोगों के बिगड़ते स्वास्थ्य पर चिंता व्यक्त की जा रही है।

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