इथेनॉल मिक्स पेट्रोल पर सियासत तेज; E-20 पेट्रोल के खिलाफ नागपुर में AAP का मोर्चा, कई कार्यकर्ता गिरफ्तार
Nagpur E20 Petrol Protest: नागपुर में आम आदमी पार्टी ने E-20 पेट्रोल की अनिवार्यता के विरोध में मोर्चा निकाला। प्रदर्शनकारियों ने सामान्य पेट्रोल का विकल्प उपलब्ध कराने की मांग की।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर, ई-20 पेट्रोल, आम आदमी पार्टी, विरोध प्रदर्शन,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)
Nagpur AAP Opposes E20 Petrol: देश में इथेनॉल मिक्स ई-20 पेट्रोल को अनिवार्य करने के खिलाफ आम आदमी पार्टी ने गांधी गेट महल से केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी के निवास गडकरी वाड़ा तक मोर्चा निकाला। प्रदेश संगठन मंत्री भूषण ढाकुलकर,नागपुर शहर कार्याध्यक्ष अमेय नारनवरे के नेतृत्व में निकले इस मोर्चा में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
ई-20 पेट्रोल की अनिवार्यता तत्काल समाप्त करने, पुराने वाहन उपयोग करने वाले नागरिकों के हितों की रक्षा करने, वाहनों के इंजनों पर पड़ने वाले प्रभाव का स्वतंत्र विशेषज्ञ समिति से अध्ययन कराकर उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग की गई।
ढाकुलकर ने कहा कि सभी पेट्रोल पंपों पर उपभोक्ताओं को सामान्य पेट्रोल और ई-20 पेट्रोल, दोनों का विकल्प उपलब्ध कराया जाना चाहिए और नागरिकों को गुमराह किए बिना इथेनॉल मिश्रित ईंधन के लाभ और संभावित सीमाओं के बारे में पारदर्शी जानकारी दी जानी चाहिए, इसके लिए आवश्यक नीतिगत उपाय किए जाने चाहिए लेकिन सरकार ने नागरिकों सीधे ई-20 पेट्रोल को अनिवार्य कर दिया। आंदोलन के दौरान जमकर नारेबाजी की गई। पुलिस ने मोर्चा को रोकने का प्रयास किया और अनेक कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया।
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जबरदस्ती थोपना उचित नहीं
आंदोलनकारियों का कहना है कि ई-20 पेट्रोल का उपयोग देश में चल रहे अनेक पुराने वाहनों के लिए तकनीकी रूप से पूरी तरह उपयुक्त नहीं है। इसके कारण इंजन को नुकसान पहुंचने, वाहनों के रखरखाव पर अधिक खर्च आने, माइलेज कम होने तथा आम नागरिकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने की आशंका है।
देश में लाखों लोगों के पास अभी भी ऐसे वाहन है जो ई-20 ईंधन के अनुकूल नहीं है लेकिन उन्हें न तो पर्याप्त आर्थिक सहायता दी गई है और न ही कोई वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है।
देश की वाहन निर्माता कंपनियों और विशेषज्ञों ने भी कई पुराने वाहनों के संबंध में ई-20 ईंधन का सावधानीपूर्वक उपयोग करने की सलाह दी है। ऐसे में सभी वाहन चालकों पर अप्रत्यक्ष रूप से ई-20 पेट्रोल का उपयोग थोपना उचित नहीं है। पार्टी की मांग है कि केंद्र सरकार इस विषय पर व्यापक जन-परामर्श के बाद स्पष्ट नीति घोषित करे।
E-20 पेट्रोल के विरोध में सड़कों पर उतरे कार्यकर्ता
आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि यह विरोध किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं बल्कि आम नागरिकों, किसानों, वाहन मालिकों और मध्यम वर्गीय परिवारों के आर्थिक हितों की रक्षा के उद्देश्य से यह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया है।
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मोर्चा में गिरीश तितरमारे, सचिन लोणकर, रोशन डोगरे, शाहिद अनवर, आतिश तायवाड़े, हरीश वेलेकर, शैलेश गजभिये, सौरभगोतमारे सहित अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए।
