

Snake Rescue In Sagar: मध्य प्रदेश के सागर जिले से आस्था और हैरत से जुड़ी एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने हर किसी को चौंका दिया। बहेरिया चौराहे के पास स्थित एक मंदिर में करीब 5 फीट लंबा जहरीला सांप रातभर भगवान शिव की प्रतिमा के पास कुंडली मारकर बैठा रहा। सुबह जब श्रद्धालु पूजा करने पहुंचे तो भोलेनाथ के चरणों में बैठे नाग को देखकर उनके होश उड़ गए। कुछ लोगों ने इसे आस्था से जोड़कर देखा तो कई लोग डर के कारण मंदिर से बाहर निकल आए। बाद में स्नेक कैचर ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षित रेस्क्यू किया।
घटना सागर शहर के बहेरिया चौराहे के पास स्थित एक देवी मंदिर की है। बताया जा रहा है कि रात के समय यह जहरीला सांप मंदिर में घुसा। पहले वह देवी मां और हनुमानजी की प्रतिमा के पास पहुंचा और फिर भगवान शिव की प्रतिमा के सामने जाकर शांत मुद्रा में कुंडली मारकर बैठ गया। पूरी रात सांप वहीं मौजूद रहा, लेकिन किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी।
सुबह जब पुजारी और श्रद्धालु मंदिर में पूजा-अर्चना करने पहुंचे तो भगवान शिव के चरणों के पास बैठे विशाल सांप को देखकर अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते मंदिर के बाहर लोगों की भीड़ जमा हो गई। कई लोगों ने इस दृश्य को अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
सूचना मिलने पर स्थानीय सर्पमित्र बबलू पवार मौके पर पहुंचे। खास बात यह रही कि जब तक स्नेक कैचर मंदिर पहुंचा, तब तक भी सांप शांत होकर वहीं बैठा था और उसने किसी को नुकसान नहीं पहुंचाया। रेस्क्यू शुरू होते ही सांप खुद शिव प्रतिमा के पास से नीचे उतर आया, जिसके बाद उसे सावधानीपूर्वक पकड़ लिया गया।
बबलू पवार ने बताया कि बरसात के मौसम में सांप अक्सर सुरक्षित और ठंडी जगह की तलाश में घरों, मंदिरों या अन्य इमारतों में पहुंच जाते हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि यदि कहीं सांप दिखाई दे तो घबराएं नहीं और न ही उसे मारने या पकड़ने की कोशिश करें। तुरंत प्रशिक्षित स्नेक कैचर या वन विभाग को सूचना दें, ताकि सांप और लोगों दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
यह घटना अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। कोई इसे प्राकृतिक संयोग मान रहा है तो कोई इसे आस्था से जोड़कर देख रहा है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में सावधानी बरतना और वैज्ञानिक तरीके से रेस्क्यू कराना ही सबसे सही कदम है।
https://youtu.be/ED79tLrDCec?si=BsIMhjW8rOmBh1bI