सागर: 10 करोड़ का अस्पताल, लेकिन गंदगी का अड्डा! राहतगढ़ सिविल अस्पताल की बदहाल व्यवस्था उजागर
Hospital Negligence Sagar: सागर के राहतगढ़ में ₹10 करोड़ का अस्पताल बना बदहाली का केंद्र। खुले में पड़ी मिलीं इस्तेमाल की हुई सिरिंज और सूइयां, गंदे पानी की टंकियों पर रखे पत्थर।
- Reported By: सरजू पटेल | Edited By: सजल रघुवंशी
राहतगढ़ सिविल अस्पताल बना बदहाली का केंद्र (सोर्स- सोशल मीडिया)
Rahatgarh Civil Hospital Negligence: मध्य प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है। मुफ्त इलाज, मुफ्त दवाइयां और जांच जैसी सुविधाएं मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही हैं। लेकिन सागर जिले के राहतगढ़ स्थित सिविल अस्पताल की तस्वीर इन दावों पर सवाल खड़े करती नजर आ रही है।
करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से बना यह अस्पताल आज गंदगी, अव्यवस्था और लापरवाही का पर्याय बन चुका है। हालात ऐसे हैं कि यहां इलाज कराने आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को संक्रमण का डर सताने लगा है।
अस्पताल के कई हिस्सों में गंदगी
बताया जा रहा है कि साल 2023 में तैयार हुए इस अस्पताल से क्षेत्र के लोगों को काफी उम्मीदें थीं लेकिन समय के साथ अस्पताल परिसर की हालत बद से बदतर होती चली गई। अस्पताल के कई हिस्सों में कचरा फैला हुआ है, जबकि शौचालय और बाथरूम गंदगी से भरे होने के कारण उपयोग के लायक नहीं बचे हैं। मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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अस्पताल परिसर में लगे वाटर कूलर की स्थिति चिंताजनक
अस्पताल परिसर में लगे वाटर कूलर की स्थिति भी चिंताजनक बताई जा रही है। जिन टंकियों से पीने का पानी सप्लाई होता है, उनमें गंदगी जमी हुई है। इतना ही नहीं, कई टंकियों पर ढक्कन तक नहीं हैं और उन्हें पत्थरों से ढंककर काम चलाया जा रहा है। ऐसे में स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
उपयोग की जा चुकी सिरिंज खुले में रखीं
लापरवाही का एक और गंभीर पहलू तब सामने आया, जब अस्पताल परिसर में एक बाल्टी में उपयोग की जा चुकी सिरिंज और सूइयां खुले में रखी मिलीं। जैव-चिकित्सा अपशिष्ट के सुरक्षित निपटान के नियमों की अनदेखी संक्रमण का खतरा बढ़ा सकती है। बरसात के मौसम में ऐसी परिस्थितियां मरीजों और अस्पताल आने वाले लोगों के लिए और भी चिंता का विषय बन जाती हैं।
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इस मामले में सिविल अस्पताल के सीबीएमओ डॉ. विकेश फुसकेले का कहना है कि अस्पताल में नियमित सफाई कराई जाती है और अब सफाई व्यवस्था पर और अधिक ध्यान दिया जाएगा। फिलहाल अस्पताल की यह स्थिति स्थानीय लोगों में नाराजगी का कारण बनी हुई है और लोग जल्द सुधारात्मक कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
