रीवा में फिर सड़कों पर उतरी कांग्रेस; डिप्टी सीएम आवास का घेराव करने पर पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले

Congress Protest Rewa: स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर भड़की कांग्रेस, जीतू पटवारी की मौजूदगी में न्याय आंदोलन तेज, डिप्टी सीएम के आवास का घेराव करने निकले कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले।
Deputy CM Rajendra Shukla Residence Gherao Congress
रीवा में कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन(सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Deputy CM Residence Gherao Congress: रीवा में मध्य प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर रीवा में कांग्रेस का आंदोलन गुरुवार को उस वक्त और तेज हो गया, जब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी न्याय आंदोलन में शामिल होने रीवा पहुंचे। पिछले पांच दिनों से जारी इस आंदोलन में कांग्रेस ने रीवा में जच्चा-बच्चा की मौत और बालाघाट में बच्चों की मौत को प्रमुख मुद्दा बनाते हुए प्रदेश सरकार को घेरा।

न्याय आंदोलन में बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। आदिवासी कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष विक्रांत भूरिया समेत कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता भी आंदोलन में मौजूद रहे। धरना स्थल पर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।

पटवारी ने स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सरकार को घेरा

धरने को संबोधित करते हुए पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति लगातार खराब हो रही है और गंभीर घटनाओं के बावजूद सरकार जिम्मेदारी तय करने से बच रही है। पटवारी ने रीवा और बालाघाट में हुई मौतों का जिक्र करते हुए सरकार से जवाब मांगा। उन्होंने कहा कि जब स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं और लोगों की जान जा रही है, तो इसकी जवाबदेही भी तय होनी चाहिए।

स्वास्थ्य मंत्री के इस्तीफे की मांग

जीतू पटवारी ने अपने संबोधन के दौरान स्वास्थ्य मंत्री से नैतिकता के आधार पर इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील विभाग में लगातार गंभीर सवाल उठना सरकार के लिए चिंता का विषय है। ऐसे मामलों में सिर्फ जांच की बात करने के बजाय जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जानी चाहिए। कांग्रेस का कहना है कि रीवा में प्रसूता कल्पना मिश्रा और नवजात की मौत तथा बालाघाट की घटना ने प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था की वास्तविक स्थिति पर सवाल खड़े किए हैं। पार्टी इन मामलों में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की मांग कर रही है।

Deputy CM Rajendra Shukla Residence Gherao Congress
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट को मिला नया मुख्य न्यायाधीश; जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे ने ली शपथ

धरने के बाद डिप्टी सीएम आवास घेरने निकले कांग्रेसी

धरना समाप्त होने के बाद कांग्रेस पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल के आवास का घेराव करने के लिए कूच किया। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के आगे बढ़ने पर पुलिस ने पहले से ही बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच स्थिति तनावपूर्ण होने पर पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। हालात बिगड़ने पर पुलिस की ओर से आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। प्रदर्शनकारियों को डिप्टी सीएम के आवास की ओर बढ़ने से रोकने के लिए कई स्तरों पर बैरिकेडिंग की गई।

कई कांग्रेस नेता हिरासत में

प्रदर्शन के दौरान रीवा पुलिस ने कई कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। हिरासत में लिए गए नेताओं को पुलिस कंट्रोल रूम ले गई। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी देर तक खींचतान की स्थिति बनी रही। कांग्रेस लगातार प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है। पार्टी का कहना है कि जब तक स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार, लापरवाही के मामलों में जिम्मेदारी तय करने और दोषियों पर कार्रवाई की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए जाते, तब तक उसका आंदोलन जारी रहेगा।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com