रतलाम/इंदौर. मध्यप्रदेश के रतलाम जिले में पुलिस ने मुर्गी पालन केंद्र की आड़ में नशीले पदार्थ मेफेड्रोन के कारखाने के संचालन का खुलासा करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है.
मेफेड्रोन एमडी नाम से भी जाना जाता है. पुलिस के मुताबिक यह मानव निर्मित रसायनों से बना नशीला पदार्थ है और बड़ी तादाद में युवा इसकी लत के शिकार हैं. मुखबिर की सूचना पर बोरखेड़ा गांव में एक मुर्गी पालन केंद्र पर दबिश में मेफेड्रोन के अवैध कारखाने का खुलासा हुआ.
कारखाने से गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जमशेद खान, रईस खान , यूसुफ खान और सलीम खान के रूप में हुई है. मुर्गी पालन केंद्र से करीब 20 लाख रुपये कीमत वाले 200 ग्राम मेफेड्रोन के साथ ही इस नशीले पदार्थ को बनाने में इस्तेमाल रसायन और अन्य सामग्री बरामद की गई.
जमशेद खान राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले का रहने वाला है और वह अवैध तौर पर मेफेड्रोन बनाकर इसकी अंतरराज्यीय तस्करी के अलगअलग मामलों में शामिल रहा है. उन्होंने शुरुआती जांच के हवाले से बताया कि इस मुर्गी पालन केंद्र में मेफेड्रोन बनाने के लिए रसायनों की आपूर्ति प्रतापगढ़ के दो लोगों द्वारा की जाती थी.
पुलिस ने बताया,हमें पता चला है कि मुर्गी पालन केंद्र की आड़ में चल रहे कारखाने पर दबिश से महज एक दिन पहले लगभग तीन किलोग्राम मेफेड्रोन एक व्यक्ति तक पहुंचाई गई थी. पुलिस इस मामले की विस्तृत जांच के साथ ही अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है.