

MP पुलिस की महिला आरक्षक को जेंडर चेंज कराने की मिली अनुमति
चार साल पहले किया था आवेदन, मेडिकल बोर्ड की अनुशंसा के बाद मिली मंजूरी
CM मोहन यादव के निर्देश पर आगे बढ़ी प्रक्रिया, दस्तावेजों और मेडिकल रिपोर्ट की हुई जांच
MP में पहले भी दो महिला आरक्षक करा चुकी हैं जेंडर चेंज
MP Police Permits Lady Constable Undergo Gender Transition: मध्य प्रदेश पुलिस विभाग से एक खास और चर्चा में रहने वाला मामला सामने आया है। राज्य के गृह विभाग ने मप्र पुलिस में पदस्थ एक महिला आरक्षक (लेडी कॉन्स्टेबल) को अपना जेंडर चेंज (लिंग परिवर्तन) करवाने की आधिकारिक अनुमति दे दी है। गृह विभाग द्वारा इस संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, इस महिला आरक्षक ने करीब चार साल पहले यानी 6 जनवरी 2022 को पुलिस मुख्यालय में आवेदन और शपथ पत्र पेश कर अपना जेंडर चेंज करवाने की अनुमति मांगी थी।
आवेदन मिलने के बाद सरकार की प्रक्रिया के तहत जुलाई 2022 में भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज में महिला का मेडिकल परीक्षण कराया गया। जांच के बाद मनोचिकित्सक ने अपनी रिपोर्ट पेश की, जिसके आधार पर जिला मेडिकल बोर्ड ने महिला आरक्षक के पक्ष में अपनी अनुशंसा दी।
इस मामले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गृह विभाग को जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद गृह विभाग ने सभी दस्तावेजों और मेडिकल रिपोर्ट्स का बारीकी से परीक्षण किया और अंततः महिला को जेंडर चेंज करवाने की अनुमति प्रदान कर दी। अब मेडिकल प्रक्रिया पूरी होने के बाद वह महिला आरक्षक कानूनी और चिकित्सीय रूप से पुरुष बन जाएगी।
गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में इस तरह का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी राज्य में दो महिला आरक्षक अपना जेंडर चेंज करवा चुकी हैं:
वर्ष 2021: निवाड़ी जिले में एक लेडी कॉन्स्टेबल ने जेंडर चेंज करवाया था।
वर्ष 2023: रतलाम जिले में एक अन्य लेडी कॉन्स्टेबल ने यह प्रक्रिया पूरी करवाई थी।
अब इस तीसरे मामले के आदेश जारी होने के बाद संबंधित महिला आरक्षक भी मेडिकल प्रक्रिया के जरिए अपना जेंडर परिवर्तन करवाएगी।