विश्व साक्षरता दिवस (सौ.सोशल मीडिया)
समूचे विश्व में हर साल 8 सितंबर को ‘अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस'(International Literacy Day 2024) मनाया जाता है। आपको जानकारी के लिए बता दें, किसी भी देश की विकास इस बात पर निर्भर करता है कि वहां रहने वाले लोग कितने पढ़े-लिखें हैं। ऐसे में लोगों को साक्षरता के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य ‘अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस'(International Literacy Day) मनाया जाता है। ऐसे में आज ‘अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के मोके पर आइए जानते हैं कि कैसे हुई इस दिन की शुरूआत? और इससे जुड़ी महत्वपूर्ण बातें।
क्यों मनाते हैं ‘अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस'(International Literacy Day)
प्राप्त जानकारी के अनुसार, भारत सहित दुनिया के कई देशों में शिक्षा पाना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है। ऐसे में देश के हर नागरिक को शिक्षा प्राप्त करने के लिए जागरूक करना ही International Literacy Day का मुख्य उद्देश्य है। भारत में इस दिशा में केंद्र सरकार की ओर से ‘सर्व शिक्षा अभियान‘ बीते कई सालों से चलाया जा रहा है और साक्षरता की दिशा में इस अभियान ने सराहनीय काम किया है।
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कैसे हुई इस दिन की शुरूआत
आपको बता दें, ‘अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस’ की जड़ें 1965 में ईरान के तेहरान में आयोजित निरक्षरता उन्मूलन पर शिक्षा मंत्रियों के विश्व सम्मेलन से जुड़ी हैं। इस सम्मेलन ने वैश्विक स्तर पर साक्षरता को बढ़ावा देने के विचार को जन्म दिया। इसके बाद, यूनेस्को ने 1966 में अपने 14वें आम सम्मेलन के दौरान आधिकारिक तौर पर 8 सितंबर को ‘अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस’ के रूप में घोषित किया।
एक साल बाद, 8 सितंबर, 1967 को, दुनिया ने पहली बार इस खास दिन को मनाया, जिसने एक महत्वपूर्ण वैश्विक पालन की शुरुआत की। तब से लेकर अब तक हर साल नीति निर्माताओं, चिकित्सकों और जनता को अधिक साक्षर, न्यायपूर्ण, शांतिपूर्ण और टिकाऊ समाज बनाने के लिए साक्षरता के महत्व की याद दिलाने के लिए हर साल 8 सितंबर को ‘अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस’ (International Literacy Day) मनाया जाता है।
क्या है इस वर्ष 2024 की थीम?
इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस का आयोजन “बहुभाषी शिक्षा को बढ़ावा देना: आपसी समझ और शांति के लिए साक्षरता” विषय के तहत किया जाएगा। इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस की थीम “Promoting multilingual education: Literacy for mutual understanding and peace” तय की गई है। वैश्विक उत्सव 9 और 10 सितंबर 2024 को कैमरून के याउंडे में आयोजित किया जाएगा।