आज मनाया जा रहा इंटरनेशनल लेफ्ट हेंडर्स डे, जानें लेफ्टी होने से जुड़ी भ्रांतियां और इनकी खूबियां
बाएं हाथ से काम करने वाले यानी लेफ्ट हैंडर्स के लिए 13 अगस्त को लेफ्ट हैंडर्स डे मनाया जाता है। लेफ्ट हेंडर्स लोगों के प्रति जागरुकता फैलाने के लिए ही इस दिन को मनाने की शुरूआत की गई थी।
- Written By: रीना पंवार
(सौजन्य सोशल मीडिया)
इंटरनेशनल लेफ्ट हेंडर्स डे हर साल 13 अगस्त के मनाया जाता है। यह दिन उन लोगों के लिए समर्पित है जो लेफ्टी होते हैं यानी काम करने के लिए उल्टे हाथ का इस्तेमाल ज्यादा करते हैं। इस खास दिन को सबसे पहले 1976 में सेलिब्रेट किया गया था। कई लोग लेफ्टी होने को एक बुरी बात भी मानते हैं, लेकिन ऐसा नहीं हैं और साइंस के मुताबिक लेफ्टी होना बिल्कुल सामान्य बात हैं।
लेफ्ट हेंडर्स लोगों के प्रति जागरुकता फैलाने के लिए ही इस दिन को मनाने की शुरूआत की गई थी। तो आइये इस खास दिन के मौके पर जान लेते हैं कि क्यों और कब से इस दिन को मनाने की शुरूआत की गई, और वे कौन सी खास क्वालिटीस हैं जो लेफ्टी लोगों में होती हैं…
क्यों मनाया जाता है इंटरनेशनल लेफ्ट हेंडर्स डे
बाएं हाथ से काम करने वाले यानी लेफ्ट हैंडर्स के लिए 13 अगस्त को लेफ्ट हैंडर्स डे मनाया जाता है। विश्वभर में अधिकतर लोग काम करने के लिए सीधे या दाएं हाथ का प्रयोग करते हैं। इस कारण ज्यादातर चीजें सीधे हाथ से काम करने वालों के हिसाब से ही बनी हुई हैं। इससे लेफ्ट हेंडर्स को रोजाना के काम करने में कई तरह की परेशानियां उठानी पड़ती हैं। लेफ्ट हेंडर्स होना कई लोग बुरा भी मानते हैं। इस बारे में ही जागरूकता फैलाने के लिए यह दिन मनाया जाता है।
सम्बंधित ख़बरें
तमिलनाडु चुनाव 2026: मतदान केंद्रों पर उमड़ा सितारों का मेला! रजनीकांत से लेकर कमल हासन ने किया मतदान
Prem Chopra Statement: क्या थी वो एक गलती जिसने राजेश खन्ना को पीछे छोड़ दिया ? प्रेम चोपड़ा ने किया खुलासा
Exclusive: सुदेश भोसले की अनसुनी दास्तान, पोस्टर पेंटर से अमिताभ बच्चन की आवाज तक का सफर; देखें खास इंटरव्यू
‘हर दिन नए विचार, लेकिन मन में बेचैनी…’, Amitabh Bachchan ने बताया कैसे इंटरनेट हमारी सोच को कर रहा प्रभावित
कब हुई लेफ्ट हेंडर्स डे मनाने की शुरूआत
इंटरनेशनल लेफ्ट हैंडर्स डे सबसे पहले डीन आर कैंपबेल नाम के व्यक्ति द्वारा 1976 में मनाया गया। वे खुद एक लेफ्ट हैंडर थे और रोजाना के कार्यों में होने वाली परेशानियों को लेकर लोगों को बताना चाहते थे। इसके बाद 1992 में एक क्लब द्वारा इस दिन को मनाने की शुरुआत की गई। इसका मकसद लेफ्ट हैंडर्स लोगों की क्वालिटी को सेलिब्रेट करना था और लोगों के बीच इस बारे में जागरुकता फैलाना था कि लेफ्ट हैंडर्स भी राइट हैंडर्स की ही तरह होते हैं और ऐसा होना कोई अवगुण नहीं बल्कि एक तरह की खूबी ही है।
लेफ्ट हैंडर्स की खूबियां
दुनिया में लगभग 7 प्रतिशत लोग लेफ्टी हैं। लेफ्ट हैंडर्स होने को लेकर कई शोध हो चुके हैं जिनके मुताबिक इनमें कई खूबियां होती हैं। शोध में सामने आये तथ्यों के मुताबिक लेफ्ट हैंडर्स दिमाग से तेज होते हैं। ये कई खेलों में अच्छा प्रदर्शन करते हैं। जैसे- टेनिस, बेसबॉल आदि। ये प्राकृतिक तौर से ही प्रतिभा के धनी होते हैं। ये पढ़ाई-लिखाई में अच्छे होते हैं और इनकी हैंड राइटिंग भी अच्छी होती है। इनकी कल्पना शक्ति भी अच्छी होती है जिससे ये कला के क्षेत्र में बेहतर कर पाते हैं।
लेफ्ट हैंडर्स को लेकर फैले भ्रम
दुनिया में आज से नहीं बल्कि बरसों से लेफ्ट हैंडर्स को लेकर कई नकारात्मकताएं फैली हुई हैं। मिडिल एज में लेफ्ट हैंडर्स को जादू टोना करने वाला तक कहा जाता था। लेफ्ट हैंडर्स बच्चों को परिवार के लोगों द्वारा जबरन राइट हैंड यूज करना सिखाया जाता था क्योंकि ऐसा होना अशुभ भी माना जाता था। ऐसा भी माना जाता है कि लेफ्ट हैंडर्स अल्पआयु होते हैं और इन्हें पढ़ना-लिखना सीखनें में भी परेशानी आती है।
दुनिया के फेमस लेफ्ट हैंडर्स
विश्वभर में ऐसे कई नाम हैं जो लेफ्ट हैंडर्स की लिस्ट में शुमार हैं। इनमें मार्क जुकरबर्ग, बिल गेट्स, अमिताभ बच्चन, रजनीकांत, रतन टाटा, चार्ली चैपलिन, ओपरा विनफ्रे, सचिन तेंदुलकर, पाबलो पिकासो, बराक ओबामा, आइंस्टाइन समेत देश-दुनिया की कई प्रमुख हस्तियां शामिल हैं।
