संसद में Paper Leak Bill पर आज होगी चर्चा, 93 संशोधनों के साथ सरकार को घेरेंगे राहुल-अखिलेश
Paper Leak Bill: संसद में आज पेपर लीक बिल पर अहम चर्चा होगी। विपक्ष ने इस कड़े बिल में 93 बड़े संशोधन सुझाए हैं। राहुल गांधी और अखिलेश यादव इस मुद्दे पर आज सरकार को घेरने की तैयारी में हैं।
- Written By: प्रिया सिंह
पेपर लीक बिल (सोर्स- AI जनरेटेड)
Paper Leak Bill Opposition Suggests 93 Amendments: संसद के मॉनसून सत्र के दूसरे हफ्ते की शुरुआत भी पहले हफ्ते की तरह ही काफी ज्यादा हंगामेदार और तनावपूर्ण रही है। सोमवार को सरकार ने लोकसभा में परीक्षाओं में होने वाली धांधली को पूरी तरह से रोकने और इसके खिलाफ कानून को बहुत सख्त बनाने वाला अहम बिल पेश किया। इस दौरान शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और छात्रों के भारी प्रदर्शन को लेकर सदन में विपक्ष का काफी ज्यादा गतिरोध और विरोध देखने को मिला। लगातार हो रहे भारी हंगामे और नारेबाजी के कारण दोनों सदनों में सोमवार को कोई खास कामकाज नहीं हो पाया और कार्यवाही जल्द स्थगित करनी पड़ी।
लोकसभा में आज मंगलवार को इस अहम और बेहद सख्त नए कानून पर बहुत ही विस्तार से चर्चा होने की पूरी और मजबूत संभावना जताई जा रही है। सूत्रों के अनुसार लोकसभा में पेपर लीक बिल पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव प्रमुखता से अपनी बात रख सकते हैं। इस पूरे मामले में विपक्ष ने अपनी रणनीति की पूरी तैयारी कर ली है और बिल के मौजूदा ड्राफ्ट में कुल 93 बड़े संशोधन सरकार को गिनाए हैं। विपक्ष ने दिल्ली और बिहार में प्रदर्शनकारी निर्दोष छात्रों पर की गई पुलिस की कथित ज्यादती के मामले में भी गृह मंत्री से सख्त जवाब मांगा है।
विपक्ष का भारी हंगामा और विरोध
सोमवार सुबह ठीक 11 बजे जैसे ही लोकसभा की कार्यवाही शुरू हुई, सभी विपक्षी सांसदों ने भारी हंगामा तुरंत शुरू कर दिया। इस बढ़ते गतिरोध और लगातार नारेबाजी के चलते सदन की कार्यवाही को पहले 12 बजे तक और फिर दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित किया गया। इसी बीच भारी शोर-शराबे में ही केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सदन में नया एंटी-पेपर लीक बिल पेश कर दिया, लेकिन इसके बावजूद हंगामा बिल्कुल नहीं रुका। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सरकार और विपक्ष दोनों से शांति बनाए रखने की अपील की, पर सदन आखिरकार मंगलवार सुबह तक के लिए स्थगित हो गया।
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आज होगी बिल पर विस्तार से चर्चा
आज मंगलवार को लोकसभा में इस महत्वपूर्ण और नए बिल पर करीब 6 घंटे तक बहुत ही गहन और लंबी चर्चा होने की मजबूत संभावना जताई गई है। सूत्रों के मुताबिक लोकसभा अध्यक्ष के सीधे दखल के बाद अब सरकार और मुख्य विपक्षी दलों के बीच का यह भारी गतिरोध पूरी तरह से खत्म हो गया है। आज सुबह सभी विपक्षी दलों की एक बहुत ही खास बैठक भी होगी जिसमें सरकार को घेरने की आगे की सटीक और मजबूत रणनीति तैयार की जाएगी। इसके अलावा विपक्ष निर्दोष छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई और राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के अहम मुद्दे पर भी सरकार से तीखे और कड़े सवाल पूछने वाला है।
नए बिल के बेहद सख्त प्रावधान
‘पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) अमेंडमेंट बिल, 2026′ में हर राज्य में विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने का बहुत ही बड़ा और अहम प्रस्ताव है। इस नए और कड़े बिल के तहत पेपर लीक से जुड़े सभी बड़े मामलों की जांच सिर्फ दो महीने के भीतर पूरी करना हर हाल में अनिवार्य होगा। इस कानून में पेपर लीक करने या परीक्षाओं में अनुचित साधनों का प्रयोग करने वाले सभी दोषियों को कम से कम 5 साल और अधिकतम 10 साल कैद होगी। इसके साथ ही ऐसे गंभीर और बड़े अपराधों के लिए दोषियों पर 50 लाख रुपये तक का भारी जुर्माना लगाने का भी कड़ा नियम स्पष्ट रूप से बनाया गया है।
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संगठित अपराध पर होगा कड़ा एक्शन
अगर कोई व्यक्ति या बड़ा गिरोह संगठित रूप से पेपर लीक जैसे अपराध करता है तो उसे भविष्य में बहुत ही कड़ी सजा का सीधा सामना करना पड़ेगा। नए कानून में ऐसे संगठित अपराधों के लिए कम से कम 7 साल से लेकर अधिकतम 10 साल तक की लंबी सजा का अहम प्रावधान रखा गया है।
इसके अलावा संगठित धोखाधड़ी करने वाले ऐसे बड़े अपराधियों और गिरोहों पर 10 करोड़ रुपये तक का भारी-भरकम जुर्माना भी लगाया जा सकता है। मौजूदा कानून में संगठित रूप से धोखाधड़ी में शामिल लोगों के लिए 5 से 10 साल की कैद और कम से कम 1 करोड़ रुपये के जुर्माने का कड़ा प्रावधान है।
