अंतरात्मा के साथ धोखा… कांग्रेस की सुप्रिया सुले और स्टालिन से बड़ी अपील, बोली- BJP के निशाने पर NCP-DMK
P Chidambaram On Monsoon Session: मानसून सत्र से पहले शरद पवार की पार्टी ने सरकार का समर्थन करने का फैसला किया। इस पर कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने सुप्रिया सुले और एमके स्टालिन से बड़ी अपील की है।
- Written By: अमन मौर्या
सुप्रिया सुले, पी चिदंबरम और एमके स्टालिन (सोर्स- सोशल मीडिया)
131st Constitution Amendment Bill: आगामी मानसून सत्र से पहले देश की राजनीति में बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है। महाराष्ट्र की राजनीति के दिग्गज शरद पवार की पार्टी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने मानसून सत्र में संविधान संशोधन विधेयक पर सरकार का समर्थन करने का फैसला किया है। इसका ऐलान शरद पवार की बेटी और पार्टी की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने मुंबई में बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान किया।
इस बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि आगामी मानसून सत्र में 131वें संविधान संशोधन विधेयक के समर्थन के लिए भाजपा शरद पवार और DMK को अपने पाले में लाने की कोशिश कर रही है। चिदंबरम ने इन दोनों दलों से बीजेपी के इस विधेयक के समर्थन न करने की अपील की है।
सुप्रिया सुले-एमके स्टालिन से की खास अपील
कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने अपने एक्स हैंडल में सुप्रिया सुले और एमके स्टालिन को टैग करते हुए एक पोस्ट किया है। उन्होंने लिखा कि बीजेपी अप्रैल 2026 में संसद के पिछले सत्र में विफल हुए 131वें संविधान संशोधन बिल को फिर से लाने की योजना बना रही है। उस बिल का मकसद लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करना था, लेकिन बिल का असली मकसद परिसीमन (delimitation) और संभवतः निर्वाचन क्षेत्रों की सीमाओं में हेरफेर का रास्ता बनाना था।
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उन्हों बताया कि लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को आरक्षण देने के लिए भारत के संविधान में पहले ही 106वें संविधान संशोधन अधिनियम के तहत संशोधन किया जा चुका है। इसलिए महिलाओं को आरक्षण देने के लिए किसी नए बिल की कोई जरूरत नहीं थी और न ही अब है।
The BJP is planning to bring back the 131st Constitution Amendment Bill that failed in the last session of Parliament in April 2026 The failed Bill purported to reserve for women one-third of the seats in the Lok Sabha and the State Assemblies but its real purpose was to pave… — P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) July 14, 2026
TMC के बाद NCP(SP) और DMK निशाने पर: चिदंबरम
कांग्रेस नेता ने लिखा कि TMC में फूट डालने के बाद, खबर है कि बीजेपी फेल हुए बिल के नए वर्शन का समर्थन पाने के लिए NCP(SP) और DMK को अपने पाले में लाने की कोशिश कर रही है। NCP(SP) और DMK फेल हुए बिल के असली मकसद को लेकर स्पष्ट रहे हैं और उम्मीद है कि वे भविष्य में भी अपनी बात पर अडिग रहेंगे।
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कांग्रेस ने बताया अंतरात्मा के साथ धोखा
पी चिदंबरम ने अंतरात्मा का हवाला देते हुए कहा कि विफल हुए बिल के नए वर्जन का समर्थन करना, जिसका असली मकसद परिसीमन है, उनकी अपनी अंतरात्मा के साथ धोखा होगा, जिसने उन्हें अप्रैल 2026 में बीजेपी सही रास्ता दिखाया था। बिल का विरोध करते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि मौजूदा फॉर्मूले के तहत निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन उन राज्यों के अधिकारों के साथ अन्याय होगा, जिन्होंने राष्ट्रीय जनसंख्या नीति का ईमानदारी से पालन किया और राज्य की जनसंख्या वृद्धि को नियंत्रित किया।
