(डिज़ाइन फोटो)
मुंबई: जहां एक तरफ महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए सत्तारूढ़ गठबंधन महायुति और विपक्षी अलायंस महा विकास अघाड़ी ने अपनी कमर कस ली है। वहीं इस बार बीजेपी की उम्मीदें इस चुनाव से कुछ कम सी लग रही हैं। हो भी क्यों न लोकसभा चुनाव में बहुमत के आंकड़े को पार करने का दावा करने वाली बीजेपी को महाराष्ट्र में आधे से ज्यादा सीटें तब गंवानी पड़ी थीं। ऐसे में शायद अब विधानसभा चुनाव के लिए भी पार्टी ने अपनी उम्मीदें कम कर ली हैं।
अब महाराष्ट्र चुनाव में कौन सी सीट किसको मिलेगी, जातीय समीकरण क्या कहते हैं और किस विधानसभा सीट पर कब कब किस पार्टी का कब्जा रहा है इसकी सजानकारी हम आप तक पहुंचा रहे हैं। इसी कड़ी में आज हम आपको बता रहे हैं उमरखेड विधानसभा सीट के बारे में।
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उमरखेड विधानसभा यवतमाल जिले और हिंगोली लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आती है। यह मंदिरों के शहर के रूप में जाना जाता है। यह तीन तरफ से पहाड़ों और घाटों से घिरा हुआ साल 1985 से यहां छह बार लगातार कांग्रेस को जीत मिली। वहीं 1999 और 2009 में भी पार्टी ने यहां वापसी की थी। साल 2014 में भाजपा के राजेंद्र वामन नजर्धने यहां से विधायक चुने गए थे।
जानकारी दें कि उमरखेड़ का निर्वाचन क्षेत्र कोड 82 है। यहां कुल 290016 वोटर हैं। उनमें से 153676 पुरुष वोटर हैं। महिला मतदाताओं की संख्या 139552 हैं। थर्ड जेंडर के मतदाता 2 हैं। साल 2019 की बात करें तो यहां कुल वोटरों की संख्या 195869 थी। साल 2019 में उमरखेड में कुल 44।40 प्रतिशत वोट पड़े। 2019 में भारतीय जनता पार्टी से नामदेव सासने ने इंडियन नेशनल कांग्रेस के विजय वाई खडसे को 9287 वोटों के मार्जिन से हराया था।
वहीं साल 2019 के संसदीय चुनाव के अनुसार उमरखेड़ (एससी) विधानसभा के कुल मतदाता 290016 है। यहां संसदीय चुनाव के अनुसार उमरखेड़ (एससी) विधानसभा के मतदान केंद्रों की संख्या 341 है। साल 2019 संसद चुनाव में यहां विधानसभा के मतदाता प्रतिशत 69.09% है
| उम्मीदवार | दल | वोट | वोट % |
| नामदेव जयराम सासने | भाजपा | 87337 | 44.4 |
| खडसे विजयराव यादवराव | कांग्रेस | 78050 | 39.7 |
| डॉ. विंकारे विश्वनाथ उमाजी | स्वतंत्र | 18248 | 9.3 |
| प्रमोद मोतीराम दुथड़े | वीबीए | 6433 | 3.31 |