आज 4 बजे डीके शिवकुमार का होगा राजतिलक! 14 विधायकों के साथ लेंगे शपथ, पार्टी हाईकमान भी होगा शामिल
Karnataka DK Shivakumar Oath Ceremony: कर्नाटक राज्य में आज से डीके शिवकुमार का शासन शुरू होने जा रहा है। आज वे मुख्यमंत्री के तौर पर पद और गोपनीयता की शपथ लेंगे।
- Written By: प्रिया जैस
डीके शिवकुमार (IANS फाइल फोटो)
Karnataka New CM Oath Ceremony: कर्नाटक की राजनीति में अब नया अध्याय शुरू होने जा रहा है। डीके शिवकुमार बुधवार शाम 4.05 बजे बेंगलुरु के लोक भवन स्थित ग्लास हाउस में कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे।
भावी मुख्यमंत्री के कार्यालय की ओर से मंगलवार को एक बयान जारी किया गया था। इसके अनुसार, राज्यपाल थावरचंद गहलोत बुधवार शाम को डीके शिवकुमार और नई कैबिनेट के सदस्यों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।
पार्टी हाईकमान होगा शामिल
इस कार्यक्रम में पार्टी हाईकमान भी शामिल होगा। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, एआईसीसी महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल और कर्नाटक के प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला सहित कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता इस समारोह में शामिल हो सकते हैं।
सम्बंधित ख़बरें
कर्नाटक में शिवकुमार कैबिनेट में ये 13 मंत्री लेंगे शपथ, परमेश्वर बन सकते हैं डिप्टी CM, यहां देखें लिस्ट
‘मोदी सरकार के कार्याकाल में 90 बार पेपर लीक हुए’, नीमच पहुंचते ही गरजे जीतू पटवारी; जमकर साधा निशाना
अकोला RSS कार्यालय प्रकरण में मदन भरगड, साजिद खान पठान समेत सभी आरोपी बरी
योगी के खिलाफ फिर साथ आएंगे UP के लड़के! सपा ने दिया टिकट बंटवारे का फॉमूला, राहुल-अखिलेश कर सकते हैं बैठक
The invitation card for Karnataka CM-designate DK Shivakumar's oath-taking ceremony states that the "oath of office and secrecy will be administered at the Glass House, Lok Bhavan, Bengaluru" at 4.05 pm today. pic.twitter.com/rHQEB30XzL — ANI (@ANI) June 3, 2026
इस समारोह में विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों के अलावा, संसद सदस्य और पार्टी के वरिष्ठ नेता भी शामिल होंगे। एक अहम कदम के तहत, मेहमानों की लिस्ट में समाज के अलग-अलग तबकों के प्रतिनिधि शामिल हैं। अलग-अलग धर्मों का प्रतिनिधित्व करने वाले धार्मिक नेताओं के साथ-साथ, कनकपुरा के डोड्डलाहल्ली में स्थित सरकारी स्कूल के छात्रों को भी आमंत्रित किया गया है।
समाज के विभिन्न वर्गों को किया गया आमंत्रित
आमंत्रण सूची को, जिसमें समाज के विभिन्न वर्गों को शामिल किया गया है, नई सरकार की समावेशी शासन और समाज के विभिन्न वर्गों के साथ जुड़ाव की प्रतिबद्धता को रेखांकित करने के एक प्रयास के तौर पर देखा जा रहा है। यह सब ऐसे समय हो रहा है जब डीके शिवकुमार कर्नाटक के मुख्यमंत्री के तौर पर पदभार संभालने की तैयारी कर रहे हैं।
इससे पहले मंगलवार को शिवकुमार ने कहा कि उनके नेतृत्व में प्रदेश में ‘युवाओं के लिए एक नए युग’ की शुरुआत होगी। हालांकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि आगे आने वाली जिम्मेदारियां आसान नहीं होंगी। उन्होंने शीर्ष पद पर अपनी नियुक्ति को कांग्रेस कार्यकर्ताओं की जीत बताया और कर्नाटक की जनता के लिए पूरी लगन से काम करने का संकल्प लिया।
पार्टी का जताया आभार
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने एक कार्यकर्ता को मौका दिया है, किसी नेता को नहीं। मुझ पर जो भरोसा और विश्वास जताया गया है, उसके लिए मैं तहे दिल से शुक्रगुजार हूं। मुझे पता है कि आगे का रास्ता आसान नहीं होगा और मुश्किल दौर भी आएंगे, लेकिन मुझे उनका सामना करते हुए कड़ी मेहनत जारी रखनी है।
शिवकुमार ने कहा कि कर्नाटक की जनता ने उन पर भरोसा जताया है और वह पूरी ईमानदारी और लगन के साथ अपनी जिम्मेदारियों को निभाने की पूरी कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा कि दुनिया ने बेंगलुरु के जरिए ही भारत को देखा है। कर्नाटक एक बहुत ही अहम राज्य है और मैं जहां भी जाता हूं लोग मुझे बताते हैं कि यह कितना महत्वपूर्ण है। इसलिए, मुझे समाज के हर तबके को अपने साथ लेकर चलना होगा।
यह भी पढ़ें – वाराणसी में देर रात चला बुलडोजर, हनुमान मंदिर, मस्जिद और कब्रिस्तान को किया जमींदोज, देखें VIDEO
समावेशी शासन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि उनकी सरकार किसानों, महिलाओं, युवाओं और समाज के सभी वर्गों के लिए काम करेगी। उन्होंने कहा कि मैं समाज के हर तबके को साथ लेकर चलूंगा। कर्नाटक में युवाओं के लिए एक नए युग की शुरुआत होगी।
अपनी राजनीतिक यात्रा पर बात करते हुए डीके शिवकुमार ने मुख्यमंत्री के पद तक पहुंचने को अपनी लगन और कड़ी मेहनत का नतीजा बताया। उन्होंने कहा कि यह एक मुश्किल सफर रहा है। भले ही इसमें देर हुई हो, लेकिन इसे नकारा नहीं गया। यह सिर्फ शिवकुमार की बात नहीं है, यह कांग्रेस के हर उस कार्यकर्ता की बात है जो पार्टी के साथ खड़ा रहा और उसके लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखता था।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
