Operation Sindoor के बाद पाकिस्तान की साजिशों को बेनकाब करेंगे भारतीय सांसद, 10 दिन में पूरी दुनिया को दिखेगी सच्चाई

पहलगाम से लेकर ऑपरेशन सिंदूर तक पाकिस्तान लगातार झूठ बोलता रहा है। पाकिस्तान के झूठ को उजागर करने के लिए भारत सरकार ने अलग-अलग देशों के दौरे पर एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल भेजने का फैसला किया है।
Operation Sindoor: दुनिया में PAK को बेनकाब करेंगे भारतीय सांसद, 10 दिन में 30 MP बताएंगे पड़ोसी की करतूत
भारत ने पाकिस्तान के झूठे प्रचार को दुनिया भर में बेनकाब करने की योजना बनाई
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नई दिल्ली: ऑपरेशन सिंदूर के बाद अब भारत ने पाकिस्तान के झूठे प्रचार को दुनिया भर में बेनकाब करने की योजना बनाई है। अगले सप्ताह भारत से करीब 30 सांसदों का एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल अलग-अलग देशों की यात्रा पर रवाना होगा। ये सांसद 10 दिन तक विदेशों में रहकर वहां के नेताओं और संगठनों से मुलाकात कर पाकिस्तान की साजिशों की असलियत बताएंगे। पाकिस्तान ने पहलगाम हमले से लेकर ऑपरेशन सिंदूर तक कई झूठे दावे किए हैं और इन्हीं झूठों के खिलाफ अब भारत कूटनीतिक स्तर पर जवाब देने की तैयारी में है।

भारत सरकार इस पहल के जरिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय को यह समझाना चाहती है कि पाकिस्तान किस तरह आतंकी गतिविधियों को संरक्षण देता है और फिर खुद को मासूम साबित करने की कोशिश करता है। इस मिशन के तहत सांसदों को विदेश मंत्रालय द्वारा विशेष ब्रीफिंग दी जाएगी ताकि वे हर मंच पर ठोस तथ्यों और प्रमाणों के साथ पाकिस्तान के झूठ को चुनौती दे सकें। मिशन में सभी प्रमुख दलों के प्रतिनिधियों को शामिल कर इस अभियान को साझा राष्ट्रीय प्रयास का रूप दिया गया है।

विदेश जाएंगे 30 सांसद, 10 दिन में करेंगे पाकिस्तान की पोल खोलने का काम

भारत ने पाकिस्तान के फैलाए झूठ को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चुनौती देने के लिए सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल को विदेश भेजने का फैसला किया है। अगले सप्ताह से शुरू हो रही इस यात्रा में करीब 30 सांसद 10 दिन तक अलग-अलग देशों में रुकेंगे और वहां की सरकारों, संगठनों और मीडिया से संवाद करेंगे। प्रतिनिधिमंडल में भाजपा, कांग्रेस, तृणमूल, डीएमके, बीजेडी, एनसीपी, जेडीयू, सीपीआई और अन्य दलों के सांसद शामिल रहेंगे। विदेश मंत्रालय इन सांसदों को राजनयिक ब्रीफिंग के साथ मिशन से संबंधित सारी जानकारियां उपलब्ध कराएगा।

कांग्रेस और विपक्ष भी हुए शामिल, जताई सहमति

हालांकि शुरुआत में विपक्ष ने केंद्र सरकार पर सवाल उठाए थे, लेकिन अब कांग्रेस और अन्य दलों ने प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बनने पर सहमति जता दी है। कुछ नेताओं ने यह भी कहा कि सरकार ने पहले सहयोग की अपील ठुकराई थी, लेकिन अब राष्ट्रीय हित में साथ खड़े होना जरूरी है। प्रतिनिधिमंडल में भाजपा और कांग्रेस के वरिष्ठ सांसदों समेत अन्य दलों के अनुभवी नेता भी शामिल हैं जो पाकिस्तान के झूठ को अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने तथ्यात्मक रूप से खंडित करेंगे।

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