अंकिता भंडारी केस: BJP नेता दुष्यंत गौतम का कांग्रेस-AAP पर एक्शन, ठोका इतने करोड़ का मानहानि केस

Ankita Bhandari Case: बीजेपी महासचिव दुष्यंत कुमार गौतम ने अंकिता भंडारी हत्याकांड में अपना नाम घसीटने पर कांग्रेस और 'आप' के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट में 2 करोड़ रुपये का मानहानि मुकदमा दायर किया है।
Ankita Bhandari case: BJP leader Dushyant Gautam takes major action against Congress and AAP, files defamation suit worth crores of rupees.
बीजेपी नेता दुष्यंत गौतम, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Ankita Bhandari Case Latest News:  भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कद्दावर नेता और महासचिव दुष्यंत कुमार गौतम ने अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर उनके खिलाफ चलाए जा रहे 'दुष्प्रचार' के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया है।

उन्होंने कांग्रेस, आम आदमी पार्टी (आप) और कुछ अन्य व्यक्तियों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया है। इस याचिका में गौतम ने अपमानजनक सामग्री को हटाने की मांग करने के साथ-साथ 2 करोड़ रुपये के हर्जाने का दावा भी किया है।

क्या है विवाद की जड़?

उर्मिला सनावर का दावा और 'कथित' ऑडियो यह मामला हाल ही में तब गर्माया जब बीजेपी के पूर्व विधायक सुरेश राठौर की कथित पत्नी उर्मिला सनावर ने एक वीडियो संदेश में गंभीर आरोप लगाए। सनावर ने दावा किया कि अंकिता भंडारी पर जिस 'वीआईपी' से संबंध बनाने का दबाव डाला गया था वह भाजपा के वरिष्ठ नेता दुष्यंत कुमार गौतम थे। उन्होंने एक ऑडियो क्लिप भी जारी की, जिसमें कथित तौर पर सुरेश राठौर को वीआईपी की पहचान बताते हुए सुना गया। हालांकि, सुरेश राठौर ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि यह ऑडियो AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) द्वारा तैयार किया गया है और इसका उद्देश्य पार्टी की छवि खराब करना है।

दुष्यंत गौतम की दलीलें

दुष्यंत कुमार गौतम ने अपनी याचिका में कहा है कि उनके खिलाफ अपमानजनक वीडियो और पोस्ट 24 दिसंबर 2024 को प्रसारित किए गए जो देखते ही देखते वायरल हो गए। उन्होंने तर्क दिया कि यह सामग्री जानबूझकर एक 'झूठा नैरेटिव' बनाने और उन्हें आपराधिक मामले से जोड़ने के लिए गढ़ी गई है। गौतम ने स्पष्ट किया कि उन्हें अंकिता भंडारी मर्डर केस में न तो आरोपी बनाया गया है और न ही किसी जांच एजेंसी ने उनकी संलिप्तता का कोई सबूत पाया है। वरिष्ठ वकील गौरव भाटिया इस मामले में मंगलवार को अदालत में उनका पक्ष रख सकते हैं।

क्या था अंकिता भंडारी हत्याकांड?

सितंबर 2022 में उत्तराखंड के एक होटल में 19 वर्षीय रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में बीजेपी के पूर्व नेता के बेटे पुलकित आर्य और दो अन्य को गिरफ्तार किया गया था जिन्हें बाद में अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई। आरोप था कि अंकिता पर गेस्ट (VIP) के साथ संबंध बनाने का दबाव डाला गया था, जिसका विरोध करने पर उसकी जान ले ली गई। तभी से विपक्ष लगातार उस 'वीआईपी' के नाम के खुलासे की मांग करता रहा है जिसे लेकर अब दुष्यंत गौतम का नाम राजनीति के केंद्र में आ गया है।

Navbharat Live
navbharatlive.com