विस्थापित कश्मीरी भी डालेंगे वोट, निर्वाचन आयोग ने बनाए 24 मतदान केंद्र
चुनाव आयोग जम्मू-कश्मीर में सफल तरीके से विधानसभा चुनाव कराने की कोशिश में जुटा है। 10 सालों बाद हो रहे चुनाव को लेकर आयोग ने अपनी तैयारी शुरू कर दी है। आयोग ने विस्थापित कश्मीरियों के लिए खास फैसला लिया है। आयोग ने देश में 24 मतदान केंद्र बनाने का फैसला लिया है।
- Written By: शानू शर्मा
जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव की तैयारी में निर्वाचन आयोग (सौजन्य : सोशल मीडिया)
श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव को लेकर तैयारी तेज हो गई है। कांग्रेस पार्टी ने अपने गठबंधन की भी घोषणा कर दी है। वहीं कांग्रेस नेता राहुल गांधी दो दिवसीय दौरे पर श्रीनगर पहुंचे। चुनाव को लेकर निर्वाचन आयोग भी एक्शन में है। चुनाव आयोग की तरफ से एक बड़ा फैसला लिया गया है। आयोग ने विस्थापित कश्मीरियों के लिए 24 मतदान केंद्र स्थापित किए हैं।
चुनाव आयोग ने कहा कि वो कश्मीरि जो कश्मीर से तो हैं लेकिन वो विस्थापित हो गए, उनके लिए मतदान की खास तैयारी की जा रही है। आयोग इनके लिए जम्मू, उधमपुर और नई दिल्ली में 24 विशेष मतदान केंद्र बनाएगी।
अधिकारी ने दी जानकारी
जम्मू-कश्मीर के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) पांडुरंग के. पोल ने शुक्रवार को जारी एक बयान में कहा कि कश्मीर घाटी से विस्थापित होकर दिल्ली,जम्मू और उधमपुर में रह रहे लोगों को ‘फॉर्म-एम’ नहीं भरना होगा, जैसा कि लोकसभा चुनावों में करना पड़ा था। उन्होंने कहा, ‘‘ जम्मू, उधमपुर और दिल्ली में रह रहे कश्मीरी विस्थापितों जिन्होंने चुनाव में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) के माध्यम से व्यक्तिगत रूप से वोट डालने का विकल्प चुना है वे 24 मतदान केंद्रों पर ऐसा कर सकते हैं। चुनाव आयोग द्वारा जम्मू में 19, उधमपुर में एक और दिल्ली में चार मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं।”
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उन्होंने कहा, ‘‘लोकसभा चुनावों के दौरान भारत निर्वाचन आयोग द्वारा लिए गए ऐतिहासिक निर्णय के अनुरूप इन मतदाताओं के लिए फॉर्म-एम भरने की पूर्व अनिवार्यता को हटा दिया गया है।” जम्मू-कश्मीर की 90 सदस्यीय विधानसभा के लिए तीन चरणों में चुनाव होना है। जिसमें पहला चरण चुनाव 18 सितंबर, 25 सितंबर और एक अक्टूबर को होगा। वहीं इसके नतीजे चार अक्टूबर को घोषित किए जाएंगे।
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आर्टिकल 370 के बाद पहला चुनाव
बता दें कि 10 सालों बाद जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव होने जा रहा है। 370 हटाए जाने के बाद पहला चुनाव होना है। जिसे लेकर सभी पार्टी अपनी पूरी तैयारी में जुटे हैं। 3 चरणों में होने वाले मतदान के लिए कुछ पोलिंग बूथों को खास बनाया जाएगा। चुनाव आयोग ने बताया कि कुछ पोलिंग बूथ को डल झील के बीच बनाया जाएगा। जो झील में तैरते हुए दिखने वाला है। इसके साथ ही इस मतदान केंद्र पर जानें के लिए लोगों को नौका का इस्तमाल करना पड़ेगा।
एजेंसी इनपुट के साथ
