

Compromised Congress Campaign: भाजपा ने 25 फरवरी को मेगा सोशल मीडिया कैंपेन लॉन्च किया है, भाजपा के दिग्गज नेता अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट कर रहे हैं। पोस्ट में एआई फोटो से लेकर ग्राफिक्स का इस्तेमाल देखने को मिल रहा है और कांग्रेस को टारगेट किया जा रहा है।
इस अभियान के चलते कई नेताओं ने अलग-अलग पोस्ट किए हैं, सबने #CompromisedCongress सीरीज टाईटल के साथ पोस्ट के जरिए कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी के वरिष्ट नेता और केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने एक्स पर लिखा कि "राहुल गांधी द्वारा भारत को वैश्विक मंच पर अपमानित करने के लिए बिना शर्ट पहने पुरुषों को एआई शिखर सम्मेलन में भेजना, भारत की छवि और हितों से समझौता करने की उनकी पारिवारिक विरासत की निरंतरता मात्र है"।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव के पोस्ट में भी यही सीरीज टाइटल के साथ चार फोटो शेयर कि गई हैं, हर फोटो में अलग-अलग कांग्रेस नेता है और उनके फोटो के साथ उनके कार्यकाल के दौरान हुए ऐतिहासिक फैसलों और विवादों जैसे यूएनएससी सीट, तिब्बत मुद्दा,1962 युद्ध आदि का जिक्र किया गया है। हर फोटो में अलग-अलग कांग्रेस नेता हैं और उनके फोटो के साथ उनके कार्यकाल के दौरान हुए ऐतिहासिक फैसलों और विवादों जैसे यूएनएससी सीट, तिब्बत मुद्दा,1962 युद्ध आदि का जिक्र किया गया है।
सहकारिता राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने भी पोस्ट किया, इमेज साझा की जिसमें राहुल गांधी एक दुकान के बाहर खड़े हुए हैं और दुकान पर "नफरत की दुकान" लिखा हुआ है, इसी इमेज में राहुल एक युवक से कहते हुए नजर आ रहे हैं कि जाओ कपड़े उतार के देश को बदनाम करो।
वंही संबित पात्रा ने वीडियो शेयर किया जिसमें तत्कालीन पीएम पंडित जवाहर लाल नेहरू, तत्कालिन पीएम इंदिरा गांधी, तत्कालीन पीएम राजीव गांधी, सोनिया गांधी और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी प्रतीकात्मक ढंग से दिखाए गए हैं। वीडियो एआई जनरेटेड है साथ ही कैप्शन में लिखा गया है "नेहरू-गांधी खानदान द्वारा राष्ट्रहित के साथ बार-बार किए गए समझौते को देश की जनता कभी नहीं भूल सकती है"।
दरअसल, भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने बुधवार यानी 25 फरवरी 2026 को कांग्रेस पार्टी पर कांग्रेस के समझौता कर चुके प्रधानमंत्री वाले बयान पर तीखा पलटवार किया, भाजपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया की देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने अपने पूरे कार्यकाल में बार-बार देश की सीमाओं को लेकर समझौते किए हैं। इस कॉन्फ्रेंस में नितिन नबीन ने कई मुद्दे उठाए और कांग्रेस को घेरा।