

Lajpat Nagar to Saket Metro: दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने मेट्रो फेज-4 के चौथे कॉरिडोर लाजपत नगर से साकेत जी ब्लॉक (गोल्डन लाइन) पर शुक्रवार को आधिकारिक तौर पर काम शुरू कर दिया। यह मेट्रो फेज-4 के बचे 3 कॉरिडोर में से पहला है। इस पर अब निर्माण शुरू हुआ है। नए कॉरिडोर के बनने से दो नए इंटरचेंज स्टेशन (मजेंटा और पिंक लाइन) के साथ कनेक्टविटी बेहतर होगी। यह साउथ दिल्ली के कई खास इलाकों को मेट्रो के नजदीक लाएगा।
मेट्रो फेज-4 का यह नया और सबसे छोटा 8.35 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर होगा। इस पर 8 स्टेशन होंगे। यह पूरा कॉरिडोर एलिवेटेड होगा। मेट्रो के प्रबंध निदेशक विकास कुमार की मौजूदगी में पुष्म विहार के पास भूमि पूजन के साथ पाइलिंग शुरू हुई। मेट्रो अधिकारियों के अनुसार तीन साल में काम पूरा होगा। इसके बद फेज-4 के बचे दो कॉरिडोर इंद्रलोक से इंद्रप्रस्थ और रिठाला से नरेला कॉरिडोर पर काम शुरू होगा। दोनों की टेंडर प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
इस कॉरिडोर के शुरू होने से मौजूदा लाइनों के बीच इंटरचेंज की सुविधा बढ़ेगी। चिराग दिल्ली स्टेशन पर मजेंटा लाइन के साथ नया इंटरचेंज स्टेशन बनेगा। इस कॉरिडोर पर लाजपत नगर पर एक और ट्रिपल इंटरचेंज स्टेशन का हब बन जाएगा। लाजपत नगर पर यह कॉरिडोर पिंक और वायलेट लाइन मेट्रो लाइन के साथ कनेक्ट करेगा। इससे पहले कश्मीरी गेट और हौज खास पर ट्रिपल लाइन इंटरचेंज की सुविधा है।
दिल्ली मेट्रो फेन-4 में 6 कॉरिडोर में से मौजपुर से मजलिस पार्क, तुगलकाबाद से एयरोसिटी और जनकपुरी वेस्ट से आरके आश्रम पर अब तक 73 फीसदी काम पूरा हो गया है। मौजपुर से मजलिस पार्क कॉरिडोर पर परिचालन के लिए सीएमआरएस की हरी झंडी मिल चुकी है। जो इसी महीने शुरू हो सकता है। बचे 3 कॉरिडोर पर दिसंबर 2026 तक काम पूरा करने का लक्ष्य है।
लाजपत नगर, एंडुजगंज, जीके-1, चिराग दिल्ली, पुष्पा भवन, साकेत डिस्ट्रिक्ट सेंटर, पुष्प विहार, साकेत G ब्लॉक होंगे।
दिल्ली मेट्रो में रोज औसतन 20 से 30 लाख यात्री सफर करते हैं। त्योहारों या खास मौकों पर यह संख्या रिकॉर्ड तोड़ देती है। अगस्त 2025 में रक्षाबंधन के दिन 81.87 लाख यात्रियों ने सफर किया था। यह एक दिन में यात्रियों के सफर करने का सबसे बड़ा आंकड़ा है। सामान्य दिनों में भी वीकेंड पर यह आंकड़ा 65 लाख तक पहुंचता है।