

रेलवे रिक्रूटमेंट बोर्ड यानी आरआरबी ने नॉन टेक्निकल पॉपुलर कैटेगरी यानी एनटीपीसी ग्रेजुएट लेवल रिक्रूटमेंट एग्जाम को रीशेड्यूल किया है। नए शेड्यूल के अनुसार, अब आरआरबी एनटीपीसी ग्रेजुएट लेवल एग्जाम 15 दिन के नहीं बल्कि 16 दिनों तक आयोजित की जाने वाली है। आरआरबी की ओर से आयोजित एनटीपीसी ग्रेजुएट लेवल एग्जाम का आयोजन कंप्यूटर बेस्ड होने वाली है।
आरआरबी की ओर से एनटीपीसी ग्रेजुएट एग्जाम का आयोजन 5 जून से 23 जून तक होने वाला था। एग्जाम के लिए जारी किए गए नए शेड्यूल के अनुसार, ये एग्जाम अब 5 जून से 24 जून के बीच में आयोजित होने वाली है। इस तरह एग्जाम कैलेंडर में मामूली बदलाव करते हुए अब एग्जाम का 1 दिन और बढ़ा दिया गया है।
आरआरबी एनटीपी ग्रेजुएट लेवल एग्जाम के लिए सिटी स्लीप एग्जाम शुरू होने से 10 दिन पहले जारी की जाएगी। इसी तरह एग्जाम के लिए एडमिड कार्ड एग्जाम शुरू होने से 4 दिन पहले ही जारी की जाने वाली हैं। जिसका सीधा मतलब है कि ये एग्जाम 5 जून से शुरू होने वाली है, जिसके लिए एडमिट कार्ड 1 जून से जारी किए जाएगे।
आरआरबी की ओर से एनटीपीसी के टोटल 11558 पोस्ट पर रिक्रूटमेंट के लिए अप्लाई किया जा सकता हैं। जिसमें से ग्रेजुएट लेवल पर रिक्रूटमेंट के लिए 8113 पोस्ट पर अप्लाई किया गया था, जबकि अंडर ग्रेजुएट लेवल के 3445 पोस्ट पर रिक्रूटमेंट के लिए एप्लीकेशन एक्सेप्ट किए गए थे। इन पोस्ट पर रिक्रूटमेंट के लिए 1.21 करोड़ कैंडिडेट्स ने अप्लाई किया है। पोस्ट की बात की जाए तो इसमें गुड्स ट्रेन मैनेजर, चीफ कमर्शियल कम टिकट सुपरवाइजर, सीनियर क्लर्क कम टाइपिस्ट, स्टेशन मासल्टर, जूनियर अकाउंट असिस्टेंट कम टाइपिस्ट जैसे पोस्ट शामिल हैं। Indian Air Force में नौकरी का सपना होगा पूरा, 10वीं और 12वीं के स्टूडेंट्स कर सकते हैं अप्लाई
आरआरबी की ओर से आयोजित की जाने वाली एनटीपीसी की अलग-अलग पोस्ट के लिए आयोजित की जाने वाली रिक्रूटमेंट एग्जाम के अंतर्गत 2 फेज में कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम होगी। इसके बाद पोस्ट के अनुसार, कंप्यूटर बेस्ड एप्टीट्यूड टेस्ट या टाइपिंग स्किल टेस्ट हो सकता है। कम्प्यूटर बेस्ड टेस्ट में एक तिहाई अंकों की नेगेटिव मार्किंग भी शामिल हैं। सीबीटी 90 मिनट का होने वाला है। इसमें 100 सवाल पूछे जाने वाले हैं। जिसमें 49 सवाल जनरल अवेयरनेस, 30 गणित, 30 जनरल इंटेलिजेंस और रिजनिंग के हो सकते हैं। पहले फेज में कंप्यूटर बेस्ट टेस्ट में सक्सेस हासिल करने वाले कैंडिडेट्स ही दूसरी एग्जाम दे सकते हैं।