

PM Kisan Samman Nidhi 23rd Installment: देश के करोड़ों किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आ रही है। दरअसल, पीएम किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त 20 जून 2026 को किसानों के बैंक खाते में ट्रांसफर किए जाएंगे। केंद्र सरकारी की ओर से इसकी जानकारी दी गई है। यह राशि डीबीटी यानी की डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए योजना के लाभार्थियों के बैंक खाते में भेजे जाएंगे। गौरतलब है कि पीएम किसान योजना कि अगली किस्त का राह देख रहे किसानों के लिए यह राहत की खबर होगी।
गौरतलब है कि मानसून सीजन से पहले सरकार की ओर से ट्रांसफर किए जाने वाले पैसे से किसानों को खेती में आर्थिक मदद करेगी। इससे पहले 13 मार्च 2026 को असम के गुवाहाटी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीएम किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त जारी की थी।
पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ सिर्फ उन्हीं किसानों को मिलेगा, जिन्होंने ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी कर ली है। ऐसे किसान, जो अब तक अपनी भूमि का रिकॉर्ड अपडेट नहीं कराए हैं, उनके बैंक खाते में पीएम किसान की अगली किस्त नहीं आएगी।
ऐसे किसान, जो इस योजना के लिए योग्य हैं लेकिन अभी तक अपना ई-केवाईसी नहीं कराए हैं। वो जल्द से जल्द ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी कर लें। ओटीपी आधारित, बायोमेट्रिक और फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए ई-केवाईसी करवाई जा सकती है। अगर ओटीपी के जरिए आप ई-केवाईसी करवाएंगे तो ध्यान रहें कि आपके पास पंजिकृत मोबाइल नंबर होना अनिवार्य है। इसके अलावा नजदीकी जन सुविधाक केंद्र पर जाकर भी किसान भाई आसानी से पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लिए ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।
पीएम किसान सम्मान निधि की लाभार्थी सूची में आपका नाम शामिल हैं या नहीं, उसको भी आप घर बैठे चेक कर सकते हैं। उसके लिए आपको कुछ स्टेप का फॉलो करना होगा। आइए जानते हैं-
इसके बावजूद भी किसी किसान भाई को लाभार्थी सूची में अपना नाम नहीं दिख रहा, इसके अलावा और भी कोई समस्या है तो 155261 या फिर 011-243000606 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल कर मदद ले सकता है।
अगर, देश का कोई भी किसान अब तक किसान सम्मान निधि योजना के तहत खुद को रजिस्टर्ड नहीं किया है, और अब वह इस योजना में खुद को जोड़ना चाहता है तो आसानी से आवेदन कर सकता है। आइए स्टेप-बाय-स्टेप जानते हैं-
पीएम किसान सम्मान निधि केंद्र सरकार द्वारा चलाए जाने वाली एक सरकारी योजना है। इस स्कीम के तहत देश के पात्र किसानों को हर साल 6,000 रुपये मिलते हैं, जो तीन अलग-अलग किस्तों में 2000 रुपये मिलते हैं। इस योजना का उद्देश्य देश के सभी भूमिधारक किसान परिवारों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है। औपचारिक रूप से इस योजना की शुरुआत 24 फरवरी 2019 को उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा की गई थी।