Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी न्यूज़
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

भारतीय इकोनॉमी में मंदी के संकेत, कई सेक्टर में कम हुआ ग्रोथ रेट; देखें आकड़े

Indian GDP: फाइनेंशियल सर्विस कंपनी नुवामा वेल्थ की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि अधिकांश सेक्टरों में ग्रोथ एक साल पहले दोहरे अंकों में थे, लेकिन अब यह एक अंक में सिमट गई है।

  • Written By: मनोज आर्या
Updated On: Jul 18, 2025 | 09:55 AM

प्रतीकात्मक तस्वीर

Follow Us
Close
Follow Us:

Indian Economy:  रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) द्वारा रेपो रेट रेपो रेट (Repo Rate) में कटौती और बैंकिंग सिस्टम में नकदी बढ़ाकर विकास को बढ़ावा देने के प्रयासों के बावजूद प्रमुख सेक्टरों में विकास की गति कमजोर दिख रही है। वित्तीय सेवा कंपनी नुवामा (Nuvama Wealth) की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि अधिकांश सेक्टरों में वृद्धि एक साल पहले दोहरे अंकों में थे, लेकिन अब यह एक अंक में सिमटकर कोरोना महामारी के पहले के स्तर पर आ गई है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत की बैंक लोन वृद्धि जो एक साल पहले 16 प्रतिशत थी अब जून, 2025 में घटकर नौ प्रतिशत रह गई है। यह तीव्र गिरावट अर्थव्यवस्था में कम उधारी और कमजोर मांग को दर्शाती है। इसी तरह, जीएसटी संग्रह, जो एक साल पहले 11 प्रतिशत की दर से बढ़ रहा था, जून 2025 में घटकर केवल 6.2 प्रतिशत रह गया है।

एक्सपोर्ट ग्रोथ में बड़ी गिरावट

यह गिरावट उपभोग और व्यावसायिक गतिविधियों में मंदी का संकेत देती है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि निर्यात वृद्धि भी धीमी बनी हुई है। कुल निर्यात (वस्तुओं और सेवाओं) में केवल छह प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है। यह वित्त वर्ष 23 की अवधि के दौरान देखी गई दोहरे अंकों की वृद्धि से काफी कम है। यात्री वाहनों की बिक्री पिछले साल के सात प्रतिशत की तुलना में घटकर दो प्रतिशत रह गई है। रियल एस्टेट क्षेत्र में भी गिरावट दर्ज की गई है। शीर्ष सात शहरों में संपत्ति की बिक्री का मूल्य पिछले साल की 28 प्रतिशत वृद्धि से घटकर अब केवल चार प्रतिशत रह गया है।

सम्बंधित ख़बरें

6G की रेस में सबसे आगे होगा भारत, ज्योतिरादित्य सिंधिया का बड़ा दावा; 2030 तक 100 करोड़ होंगे 5G यूजर्स

वंदे भारत में कंफर्म सीट का नया जुगाड़! लागू हुआ ‘EQ’ कोटा, इमरजेंसी में यात्रा करने वालों को मिली राहत

शेयर मार्केट का ABC: क्या होते हैं प्रेफरेंस शेयर्स और इक्विटी, निवेश के लिए सबसे बेहतर कौन?

केंद्रीय कर्मचारियों के लिए खुशखबरी या इंतजार? 8वें वेतन आयोग पर मोदी सरकार ने संसद में दिया जवाब

यह भी पढ़ें: देश का सबसे अधिक युवा उद्यमी देने वाला शहर बना मुंबई, अंडर-30 में 15 नाम शामिल

प्रमुख आठ सेक्टर की वृद्धि में रुकावट

बीएसई 500 कंपनियों द्वारा मापी गई वेतन वृद्धि 12 प्रतिशत से घटकर छह प्रतिशत रह गई है। उद्योग जगत की बात करें तो, आठ प्रमुख क्षेत्रों में वृद्धि दर अब तीन प्रतिशत है, जो एक साल पहले आठ प्रतिशत थी। बीए‌सई 500 कंपनियों (ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को छोड़कर) की लाभ वृद्धि दर अब 10 प्रतिशत है, जबकि एक साल पहले यह 21 प्रतिशत थी। रिपोर्ट से इस बात का पता चलता है कि अधिकांश सेक्टर अब 2018-19 के महामारी पूर्व वर्षों के समान या एकल अंक की वृद्धि दर पर वापस आ गए हैं।

Ndian economy is likely to face a slowdown growth rate has reduced in many sectors

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Jul 18, 2025 | 09:16 AM

Topics:  

  • Business News
  • Indian Economy
  • RBI

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.