

Highlights:
काइली जेनर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है
वीडियो में काइली विक्टोरियाज सीक्रेट फैशन शो में एक ब्रा पहनी नजर आ रही हैं
इस विशेष इनरवीयर को ‘फैंटेसी ब्रा’ कहा जा रहा है, जिसकी कीमत ₹475 करोड़ है
Kylie Jenner Viral Fantasy Bra: हॉलीवुड और फैशन की दुनिया में इन दिनों एक खास चीज ने पूरी दुनिया का ध्यान खींच रखा है। दुनिया के शीर्ष सोशल मीडिया आइकनों में शुमार और इंस्टाग्राम पर 38.1 करोड़ से अधिक फॉलोअर्स रखने वाली मशहूर बिजनेसवुमन काइली जेनर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है।
इस वीडियो में काइली जेनर विक्टोरियाज सीक्रेट फैशन शो (Victoria's Secret Fashion Show) के रैंप पर एक बेहद चमचमाती और नायाब ब्रा पहनकर उतरती नजर आ रही हैं।
इस विशेष इनरवीयर को ‘फैंटेसी ब्रा’ (Fantasy Bra) कहा जा रहा है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब $50 मिलियन (लगभग ₹475 करोड़) आंकी गई है। इसे इतिहास की अब तक की सबसे महंगी लिंगरी बताया जा रहा है।
आइए जानते हैं कि इस ₹475 करोड़ की फैंटेसी ब्रा के पीछे का पूरा सच क्या है, यह कैसे तैयार की गई, इसे कौन खरीदता है और इसके जरिए ब्रांड का असली मकसद क्या होता है।
यह बेशकीमती फैंटेसी ब्रा साधारण कपड़ों या धागों से नहीं, बल्कि दुनिया के सबसे महंगे रत्नों से गढ़ी गई है। इसे मशहूर लग्जरी ब्रांड Jacob & Co. के साथ मिलकर तैयार किया गया है। इस ब्रा में 75.54 कैरेट के शानदार रेडिएंट-कट फैंसी विविड येलो डायमंड्स को केंद्र में रखकर इसके चारों तरफ कुल 4,410 प्राकृतिक हीरों को बेहद खूबसूरती से जड़ा गया है।
इस नायाब पीस का कुल वजन 1.81 किलोग्राम है, जिसमें कुल 3,218 अलग-अलग कंपोनेंट्स या पुर्जे शामिल हैं। इस मास्टरपीस को तैयार करने में 15 कुशल कारीगरों को 1,000 घंटे से भी अधिक का समय लगा है।
कंपनी के संस्थापक जैकब अरेबो (Jacob Arabo) के अनुसार, इसकी कारीगरी असाधारण है और इसका मुख्य उद्देश्य रैंप पर उतरते ही दर्शकों के मन में एक जादुई और भावनात्मक अहसास पैदा करना है।
हैरानी की बात यह है कि इतनी ज्यादा कीमत (₹475 करोड़) होने के बावजूद इस प्रकार की फैंटेसी ब्रा का कोई पारंपरिक व्यक्तिगत खरीदार (Buyer) नहीं होता है। इतिहास गवाह है कि विक्टोरिया सीक्रेट द्वारा हर साल या चुनिंदा मौकों पर पेश की जाने वाली ऐसी फैंटेसी ब्रा को शायद ही कभी सीधे तौर पर बेचा जाता हो।
यह कोई आम उपयोग की वस्तु नहीं है, बल्कि यह बेहद रईस और अल्ट्रा-लग्जरी कला प्रेमियों या शाही संग्राहकों के लिए एक नुमाइश की तरह होती है। कई बार फैशन शो के बाद इन हीरों और रत्नों को वापस री-डिजाइन या अलग कर लिया जाता है या इन्हें ब्रांड के म्यूजियम/प्राइवेट कलेक्शन में रखा जाता है।
जब कोई चीज बिकती ही नहीं है, तो कंपनियां उस पर करोड़ों रुपये और हजारों घंटे क्यों खर्च करती हैं? इसके पीछे का मुख्य मकसद शुद्ध रूप से मार्केटिंग, पब्लिसिटी और ब्रांड वैल्यू है। काइली जेनर जैसी ग्लोबल सेलिब्रिटी जब रैंप पर इस ब्रा को पहनकर उतरती हैं, तो दुनिया भर के मीडिया हाउस, न्यूज चैनल्स और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इसकी चर्चा होने लगती है।
इस तरह की भारी-भरकम चर्चाएं ब्रांड को रातों-रात चर्चा के केंद्र में ले आती हैं, जिससे कंपनी की अन्य सामान्य और किफायती एक्सेसरीज, परफ्यूम और कपड़ों की सेल में जबरदस्त उछाल आता है। इसे फैशन इंडस्ट्री में सबसे बड़ा 'पब्लिसिटी स्टंट' और ब्रांड का मास्टरप्लान माना जाता है।