होम लोन लेने से पहले सावधान! ये 7 छिपे हुए चार्ज खाली कर सकते हैं आपकी जेब, जानें बचत के टिप्स
Home Loan Charges: होम लोन लेते समय प्रोसेसिंग फीस, प्रीपेमेंट पेनल्टी और इंश्योरेंस जैसे 7 छिपे हुए चार्जेस आपकी जेब ढीली कर सकते हैं। लोन लेने से पहले इन शुल्कों को समझकर मोलभाव करना बेहद जरूरी है।
- Written By: प्रिया सिंह
होम लोन में छिपे हुए चार्ज खाली कर सकते हैं आपकी जेब (सोर्स-सोशल मीडिया)
Hidden Charges in Home Loan India: साल 2026 में अपना घर खरीदने का सपना देख रहे लोगों के लिए होम लोन एक सुलभ विकल्प है, लेकिन इसके साथ आने वाले छिपे हुए शुल्क आपकी वित्तीय योजना को बिगाड़ सकते हैं। अक्सर उधारकर्ता केवल ब्याज दरों पर ध्यान केंद्रित करते हैं, जबकि प्रोसेसिंग फीस, पेनल्टी और इंश्योरेंस जैसे कई अन्य खर्च लोन की कुल लागत को काफी बढ़ा देते हैं।
बैंक इन शुल्कों को अलग-अलग मदों में वसूलते हैं, जिनके बारे में जानकारी का अभाव आपकी जेब पर भारी पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन शुल्कों को समझकर और सही समय पर मोलभाव करके आप हजारों रुपये की बचत कर सकते हैं।
प्रोसेसिंग और प्रशासनिक शुल्क
होम लोन की शुरुआत में ही बैंक आपके दस्तावेजों की जांच और क्रेडिट स्कोर के मूल्यांकन के लिए प्रोसेसिंग फीस लेते हैं। यह शुल्क आमतौर पर 5,000 से 15,000 रुपये के बीच होता है, जिसे बैंक से बात करके कम कराया जा सकता है। कुछ बैंक त्योहारी सीजन के दौरान इन शुल्कों पर पूरी तरह छूट भी देते हैं, इसलिए आवेदन से पहले बाजार में उपलब्ध ऑफर्स की तुलना जरूर करें।
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प्रीपेमेंट और कन्वर्जन पेनल्टी
RBI के अनुसार फ्लोटिंग रेट लोन पर प्रीपेमेंट शुल्क नहीं लगता, लेकिन फिक्स्ड या हाइब्रिड लोन पर बकाया राशि का 4% तक जुर्माना देना पड़ सकता है। इसके अलावा, अगर आप अपने लोन को फिक्स्ड से फ्लोटिंग रेट में बदलना चाहते हैं, तो बैंक 0.25% से 0.5% तक कन्वर्जन शुल्क वसूलते हैं। ऐसे मामलों में हमेशा गणना करें कि ब्याज की बचत कन्वर्जन फीस से अधिक है या नहीं।
बैलेंस ट्रांसफर और लेट पेमेंट
कम ब्याज दर देखकर लोन को एक बैंक से दूसरे बैंक में ले जाना (बैलेंस ट्रांसफर) हमेशा फायदेमंद नहीं होता क्योंकि नया बैंक फिर से प्रोसेसिंग शुल्क मांग सकता है। वहीं, EMI भुगतान में देरी होने पर बैंक बकाया राशि का 3% तक भारी जुर्माना लगाते हैं, जिससे आपका क्रेडिट स्कोर भी खराब होता है। हमेशा प्रयास करें कि EMI के लिए खाते में पर्याप्त बैलेंस रहे ताकि बाउंस शुल्क और पेनाल्टी से बचा जा सके।
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अनिवार्य बीमा और CERSAI शुल्क
बैंक अक्सर होम लोन के साथ प्रॉपर्टी इंश्योरेंस और लोन प्रोटेक्शन प्लान को बंडल कर देते हैं, जो आपकी लोन राशि को बढ़ा देता है। ध्यान रखें कि प्रॉपर्टी इंश्योरेंस अनिवार्य हो सकता है, लेकिन लोन प्रोटेक्शन इंश्योरेंस वैकल्पिक है और आप इसे किसी भी बीमाकर्ता से खरीद सकते हैं। इसके साथ ही, एक ही संपत्ति पर कई लोन रोकने के लिए CERSAI रजिस्ट्रेशन शुल्क लिया जाता है, जो अनिवार्य लेकिन मामूली होता है।
