सोने की कीमत (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Akshaya Tritiya Gold Investment: सोना खरीदना सिर्फ एक फाइनेंशियल डिसीजन नहीं है, बल्कि एक इमोशनल और ट्रेडिशनल फैसला भी माना जाता है। हर साल कीमतें बढ़ती हैं। लोगों को महंगा प्रतीत होता है, लेकिन अगले वर्ष कीमतें उससे भी ऊपर निकल जाती हैं। यह सिलसिला चलता रहता है।
साल के कुछ खास त्योहारों पर सोना खरीदने की परंपरा होती है, क्योंकि इसे वेल्थ, गुड लक और लॉन्ग टर्म सेविंग्स का सिंबल माना जाता है। अक्षय तृतीया ऐसा ही एक इंपॉर्टेट फेस्टिवल है, जो साल की शुरुआत में आता है। सोने की कीमतों (Gold Price) में हाल के समय में तेज बढ़ोतरी देखने को मिली है। इंडियन स्पॉट मार्केट में गोल्ड प्राइस में अप्रैल 2025 से पिछले अक्षय तृतीया के बाद लगभग 60% की बढ़त हुई है।
यह लगातार 9वां साल है जब सोने ने इन्वेस्टर्स को अच्छा रिटर्न दिया है। इस साल जनवरी में सोना 1,80,000 रुपये से ऊपर के रिकॉर्ड लेवल पर पहुंचा था। इसके बाद इसमें गिरावट आई और अब कीमतें करीब 1,54,800 रुपये के आसपास चल रही हैं। यानी हाल के हाई से करीब 16% लगभग 30,000 रुपये की गिरावट आई है। यह गिरावट प्रॉफिट बुकिंग और क्रूड ऑयल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और इंफ्लेशन की चिंता के कारण आई है।
पिछले कुछ वर्षों में अक्षय तृतीया के आसपास सोने के रिटर्न में उतार-चढ़ाव रहा है, लेकिन ओवरऑल ट्रेंड पॉजिटिव रहा है।
2017 : -11%
2019 : -3%
2020 : 47%
2023 : 7%
2024 : 18%
2025 : 22%
2026 : 31%
यह भी पढ़ें – एक ओर राष्ट्रपति, दूसरी ओर गर्भवती! प्रोटोकॉल तोड़ नागपुर पुलिस ने दिखाई इंसानियत, ऐसे बनाया ग्रीन कॉरिडोर
राजेश रोकड़े के अनुसार इस साल जियोपॉलिटिकल टेंशन की वजह से डिमांड स्टेबल है, लेकिन पर्व के अवसर पर वे सामने से आते हैं। परंपरा कीमत पर भारी पड़ती है। ग्राहकों को भी पता है कि किसी भी कीमत पर खरीदी की जाए, कीमत में इजाफा होना तय है।
हर साल इस ट्रेन को देखा जा रहा है। यही ग्राहकों के विश्वास को बढ़ाता भी है। ग्राहक आज भी मानकर चलते हैं कि भविष्य के लिए निवेश अच्छा विकल्प है। लोग इसी बहाने शादी-विवाह की खरीदी भी कर लेते हैं। 2024 से लेकर 2026 तक सोना (Gold Price) ने बेहतरीन रिटर्न दिया है, जो हर किसी को अपनी ओर आकर्षित करता है।