RBI के बाद सामने आई नई टेंशन! क्या है Stagflation जिसने बढ़ाई भारत की चिंता?
Stagflation: भारत में स्टैगफ्लेशन का खतरा बढ़ रहा है? एक रिपोर्ट के अनुसार ईरान संकट, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और कमजोर मॉनसून भारत की अर्थव्यवस्था के लिए बड़ी चुनौती बन सकते हैं।
- Written By: तनमय बरनवाल
Indian Economy Update: भारत को लेकर आरबीआई के बाद अब एक और चिंता सामने आई है। भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। लेकिन अब एक ऐसा खतरा सामने आ रहा है, जो किसी भी देश की आर्थिक सेहत को धीरे-धीरे कमजोर कर सकता है। एक तरफ ईरान संकट की वजह से कच्चा तेल महंगा हो रहा है, दूसरी तरफ मॉनसून को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। और इसी बीच ब्रोकरेज फर्म Nuvama Institutional Equities ने चेतावनी दी है कि भारत में मुद्रास्फीतिजनित मंदी का जोखिम बढ़ सकता है।
ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि तेल की बढ़ी हुई कीमतें महंगाई को ऊपर रख सकती हैं, जिससे Nominal जो GDP को सपोर्ट मिलेगा, लेकिन वास्तविक आर्थिक वृद्धि पर इसका दबाव देखा जा सकता है। रिपोर्ट के अनुसार कुछ घरेलू फैक्टर्स भारतीय अर्थव्यवस्था को झटकों से बचाने में मदद कर सकते हैं। आरबीआई की प्रभावी लिक्विडिटी मैनेजमेंट, अपेक्षाकृत कमजोर लेकिन प्रतिस्पर्धी रुपया और मजबूत क्रेडिट ग्रोथ अब सवाल है कि आखिर ये Stagflation क्या होता है? क्या इससे आपकी नौकरी, आपकी सैलरी, आपके EMI और आपकी रसोई का बजट प्रभावित हो सकता है? और अगर ऐसा हुआ तो भारत की GDP ग्रोथ पर क्या असर पड़ेगा?
Indian Economy Update: भारत को लेकर आरबीआई के बाद अब एक और चिंता सामने आई है। भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। लेकिन अब एक ऐसा खतरा सामने आ रहा है, जो किसी भी देश की आर्थिक सेहत को धीरे-धीरे कमजोर कर सकता है। एक तरफ ईरान संकट की वजह से कच्चा तेल महंगा हो रहा है, दूसरी तरफ मॉनसून को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। और इसी बीच ब्रोकरेज फर्म Nuvama Institutional Equities ने चेतावनी दी है कि भारत में मुद्रास्फीतिजनित मंदी का जोखिम बढ़ सकता है।
ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि तेल की बढ़ी हुई कीमतें महंगाई को ऊपर रख सकती हैं, जिससे Nominal जो GDP को सपोर्ट मिलेगा, लेकिन वास्तविक आर्थिक वृद्धि पर इसका दबाव देखा जा सकता है। रिपोर्ट के अनुसार कुछ घरेलू फैक्टर्स भारतीय अर्थव्यवस्था को झटकों से बचाने में मदद कर सकते हैं। आरबीआई की प्रभावी लिक्विडिटी मैनेजमेंट, अपेक्षाकृत कमजोर लेकिन प्रतिस्पर्धी रुपया और मजबूत क्रेडिट ग्रोथ अब सवाल है कि आखिर ये Stagflation क्या होता है? क्या इससे आपकी नौकरी, आपकी सैलरी, आपके EMI और आपकी रसोई का बजट प्रभावित हो सकता है? और अगर ऐसा हुआ तो भारत की GDP ग्रोथ पर क्या असर पड़ेगा?
