वैश्विक ईंधन संकट (सोर्स-सोशल मीडिया)
Middle East Conflict Impact: मध्य पूर्व में बढ़ते हुए तनाव और युद्ध की स्थितियों ने पूरी दुनिया में ईंधन के संकट को बढ़ा दिया है। वैश्विक कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों की वजह से अब आम जनता की जेब पर इसका सीधा और गहरा असर पड़ने लगा है। मध्य-पूर्व संघर्ष के प्रभाव के कारण अमेरिका और संयुक्त अरब अमीरात जैसे संपन्न देशों में भी पेट्रोल और डीजल के दाम आसमान छू रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी की इस लहर ने वैश्विक बाजारों में अस्थिरता पैदा कर दी है जिसका असर आने वाले समय में और बढ़ सकता है।
अमेरिका में गैसोलीन की कीमतों में जबरदस्त उछाल देखा गया है जो अब 4 डॉलर प्रति गैलन के पार पहुंच गई हैं। भारतीय मुद्रा में यह कीमत लगभग 380 रुपये प्रति गैलन बैठती है जो बीते तीन सालों में सबसे अधिक स्तर है। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद से पेट्रोल के दाम 30 प्रतिशत से अधिक बढ़ चुके हैं।
ईंधन के दामों में यह वृद्धि केवल पेट्रोल तक ही सीमित नहीं है बल्कि डीजल की कीमतों ने भी नए रिकॉर्ड बनाए हैं। अमेरिका में डीजल अब 5 डॉलर प्रति गैलन के पार चला गया है जो भारतीय मुद्रा में लगभग 475 रुपये के बराबर है। मध्य पूर्व के हालातों के बाद से वहां डीजल की कीमतों में 40 प्रतिशत से अधिक की भारी बढ़ोत्तरी दर्ज हुई है।
खाड़ी देशों में भी ईंधन की कीमतों में वृद्धि देखी जा रही है और यूएई की फ्यूल प्राइस कमेटी ने नए दामों की घोषणा की है। यह बढ़ी हुई दरें एक अप्रैल से लागू कर दी गई हैं जिससे वहां रहने वाले नागरिकों पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है। सुपर 98 पेट्रोल अब 2.59 दिरहम से बढ़कर 3.39 दिरहम प्रति लीटर हो गया है जो लगभग 30 प्रतिशत की वृद्धि है।
यूएई में मिलने वाले स्पेशल 95 पेट्रोल की कीमत में भी करीब 32 प्रतिशत का बड़ा इजाफा सरकार द्वारा किया गया है। अब यह पेट्रोल 2.48 दिरहम प्रति लीटर के पुराने भाव से बढ़कर 3.28 दिरहम प्रति लीटर की नई दर पर मिल रहा है। भारतीय रुपयों में बात करें तो सुपर 98 पेट्रोल की कीमत अब लगभग 87 रुपये प्रति लीटर के आसपास पहुंच चुकी है।
यूएई में डीजल की कीमतों ने तो पुराने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं और इसमें 72 प्रतिशत की ऐतिहासिक वृद्धि देखी गई है। डीजल अब 2.72 दिरहम से बढ़कर 4.69 दिरहम प्रति लीटर पर पहुंच गया है जो भारतीय मुद्रा में करीब 120 रुपये है। ईंधन के दामों में आए इस अचानक बदलाव ने वहां के परिवहन और रसद क्षेत्र में काफी चिंता बढ़ा दी है।
अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते युद्ध के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में जबरदस्त तेजी आई है। बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड का दाम पिछले एक महीने के दौरान करीब 48 प्रतिशत तक बढ़कर काफी ऊपर चला गया है। वर्तमान समय में ब्रेंट क्रूड 107.28 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर कारोबार कर रहा है जो वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए चिंताजनक है।