Delhi Pollution Car Protection: हवा का जहर आपकी कार को भी कर रहा है बीमार, इन उपायों से बचाएं इंजन
Ways To Protect Your Car From Pollution: दिल्ली समेत कई बड़े शहरों में हवा में बढ़ता पॉल्यूशन सिर्फ इंसानों की सेहत के लिए ही नहीं, बल्कि आपकी चमचमाती कार के लिए भी बड़ा खतरा बन चुका है।
- Written By: सिमरन सिंह
Delhi Pollution Car Protection (Source. Pixabay)
Air Filter Cleaning: दिल्ली समेत कई बड़े शहरों में हवा में बढ़ता पॉल्यूशन सिर्फ इंसानों की सेहत के लिए ही नहीं, बल्कि आपकी चमचमाती कार के लिए भी बड़ा खतरा बन चुका है। स्मॉग, धूल और माइक्रो पार्टिकल्स धीरे-धीरे कार के इंजन से लेकर उसकी बॉडी तक को नुकसान पहुंचाते हैं। अक्सर कार मालिकों को तब एहसास होता है, जब रिपेयरिंग पर मोटा खर्च सामने आ जाता है। अगर समय रहते कुछ जरूरी सावधानियां न बरती जाएं, तो पॉल्यूशन आपकी कार की परफॉर्मेंस और उम्र दोनों को कम कर सकता है।
1. एयर फिल्टर की सफाई है सबसे जरूरी
पॉल्यूशन का सबसे पहला असर कार के एयर फिल्टर पर पड़ता है। हवा में मौजूद धूल और PM 2.5 जैसे बारीक कण फिल्टर को जाम कर देते हैं। जब एयर फिल्टर गंदा हो जाता है, तो इंजन तक पर्याप्त हवा नहीं पहुंच पाती। इसका नतीजा यह होता है कि फ्यूल ज्यादा जलता है और माइलेज में गिरावट आ जाती है। विशेषज्ञों की मानें तो महीने में कम से कम एक बार एयर फिल्टर की जांच जरूर करनी चाहिए और जरूरत पड़ने पर इसे बदल देना चाहिए।
2. केबिन एयर फिल्टर भी करता है बड़ी भूमिका
कार के अंदर की हवा को साफ रखने का काम केबिन एयर फिल्टर करता है। अगर यह फिल्टर पुराना या जाम हो जाए, तो कार के भीतर की हवा बाहर की तुलना में ज्यादा जहरीली हो सकती है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह खतरा और बढ़ जाता है। इसलिए केबिन एयर फिल्टर को समय-समय पर साफ करवाना या बदलवाना बेहद जरूरी है, ताकि कार के अंदर ताजी और साफ हवा मिलती रहे।
सम्बंधित ख़बरें
नई Tata Tiago Facelift में मिलेगा 360 कैमरा और नया लुक, पुरानी मॉडल से कितनी बदली? देखें पूरा Comparison
5’10 से ज्यादा हाइट वालों के लिए बेस्ट हैं ये Bikes, लंबी राइड में नहीं होगा पीठ दर्द, हर सफर बनेगा आरामदायक
Honda की बड़ी तैयारी भारत में मचाएगी धूम, 2030 तक लॉन्च होंगी 10 से ज्यादा नई SUV और EV कारें
Hero का सस्ता इलेक्ट्रिक स्कूटर मचा रहा धूम, 100KM रेंज और कीमत जेब के लिए नहीं पड़ेगी भारी
3. AC Re-circulation Mode का सही इस्तेमाल
अत्यधिक पॉल्यूशन या ट्रैफिक जाम में गाड़ी चलाते समय हमेशा AC Re-circulation Mode का इस्तेमाल करना चाहिए। यह मोड बाहर की प्रदूषित हवा को अंदर आने से रोकता है और कार के भीतर मौजूद हवा को ही फिल्टर करके घुमाता है। इससे धुआं और धूल सीधे आपके फेफड़ों तक नहीं पहुंच पाते और सफर ज्यादा सुरक्षित हो जाता है।
ये भी पढ़े: Mahindra XUV 7XO लॉन्च के लिए तैयार: 5 जनवरी को होगी एंट्री, ट्रिपल स्क्रीन से लेकर 540° कैमरा तक सब
4. पेंट और बॉडीवर्क को दें अतिरिक्त सुरक्षा
पॉल्यूशन से बनने वाली स्मॉग और कई बार होने वाली ‘एसिड रेन’ आपकी कार के पेंट को फीका और बेजान बना सकती है। अगर धूल की परत लंबे समय तक जमी रहे, तो पेंट पर छोटे-छोटे स्क्रैच भी पड़ने लगते हैं। इससे बचाव के लिए कार को नियमित रूप से धोएं और अच्छी क्वालिटी का Wax या Ceramic Coating करवाएं, जो पेंट के लिए एक प्रोटेक्टिव शील्ड की तरह काम करता है।
5. फ्यूल और इग्निशन सिस्टम की अनदेखी न करें
खराब स्पार्क प्लग या गंदे फ्यूल इंजेक्टर न सिर्फ गाड़ी से ज्यादा धुआं निकलने की वजह बनते हैं, बल्कि इंजन की उम्र भी घटा देते हैं। अगर आपकी कार जरूरत से ज्यादा धुआं छोड़ रही है, तो तुरंत मैकेनिक को दिखाएं। समय पर इंजन ट्यूनिंग और अच्छी क्वालिटी फ्यूल का इस्तेमाल करने से पॉल्यूशन भी कम होगा और कार की परफॉर्मेंस भी बेहतर बनी रहेगी।
