

नई दिल्ली: जहां बीते बुधवार 20 मार्च को को आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु जग्गी वासुदेव (Jaggi Vasudev) की दिल्ली के इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल (Indraprastha Apollo Hospital) में आपातकालीन मस्तिष्क सर्जरी की गई । वहीं सद्गुरु को मस्तिष्क में 'जीवन-घातक' रक्तस्राव होने के बाद निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था और अब वह पहले से बेहतर महसूस कर रहे हैं। जैसे-जैसे सद्गुरु स्वास्थ्य लाभ की दिशा में अपनी यात्रा जारी रख रहे हैं। ऐसे में दुनिया भर में उनके प्रशंसक और शुभचिंतक उनके शीघ्र स्वस्थ होने के लिए प्रार्थना कर रहे हैं।
दरअसल उनके लगातार और गंभीर सिरदर्द के कारण सर्जरी जरूरी हो गई थी, जो उन्हें पिछले चार हफ्तों से परेशान कर रहा था। अपोलो अस्पताल के बयान में खुलासा किया गया था कि सद्गुरु अपने व्यस्त कार्यक्रम और प्रतिबद्धताओं को बनाए रखते हुए यहां तक कि 8 मार्च को रात भर चलने वाले महाशिवरात्री समारोह की देखरेख करते हुए भी इन तमाम सिरदर्दों को सहन कर रहे थे। वहीं तत्काल MRI में मस्तिष्क में अत्यधिक रक्तस्राव का पता चलने के बाद तत्काल अस्पताल में भर्ती होने की चिकित्सकीय सलाह के बावजूद, सद्गुरु ने अपनी गतिविधियाँ जारी रखीं।हालाँकि, वहीं 17 मार्च को उनकी हालत बिगड़ गई, चिकित्सा हस्तक्षेप जरूरी हो गया।
वहीं इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल ने एक बयान में कहा था कि, ‘‘मस्तिष्क में रक्तस्राव को दूर करने के लिए बीते 17 मार्च को उनकी सर्जरी की गई थी। सर्जरी के बाद सद्गुरु को वेंटिलेटर से हटा दिया गया है। उनके स्वास्थ्य में लगातार सुधार हो रहा है और उनके स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण सभी पहलुओं में सुधार हुआ है।''
इसके साथ ही प्रधानमंत्री मोदी ने भी आध्यात्मिक गुरु से बात की और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की। इस बाबत PM मोदी ने 'X' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘सद्गुरु जग्गी वासुदेव जी से बात की और उनके बेहतर स्वास्थ्य तथा शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। '' वहीं सद्गुरु ने तुरंत मोदी के पोस्ट का जवाब देते हुए कहा कि वह उनके स्वास्थ्य को लेकर प्रधानमंत्री की चिंता से 'अभिभूत' हैं। आध्यात्मिक गुरु ने एक पोस्ट में कहा, ‘‘ प्रिय प्रधानमंत्री जी, आपको मेरी चिंता नहीं होनी चाहिए। आपके पास एक राष्ट्र के लिए करने हेतु कई कार्य हैं। आपकी चिंता से अभिभूत हूं, मैं ठीक होने की राह पर हूं। धन्यवाद। ''