कैस्पियन सागर में ईरानी सैन्य जहाज पर यूक्रेन का हमला, सांकेतिक एआई फोटो 
विदेश

कैस्पियन सागर में ईरानी जहाज पर यूक्रेन का हमला, तेहरान की खुली धमकी- अब भुगतने होंगे गंभीर नतीजे

Ukraine Strike Iranian Vessel: यूक्रेन ने कैस्पियन सागर में रूस को सैन्य सामान ले जा रहे ईरानी जहाज पर हमला किया है। इस कार्रवाई से भड़के तेहरान ने यूक्रेन को गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी है।

अमन उपाध्याय

Ukraine Strike Iranian Vessel Caspian Sea: रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध अब केवल जमीनी सीमाओं तक सीमित नहीं रह गया है। यूक्रेन ने पहली बार कैस्पियन सागर में एक ईरानी जहाज को निशाना बनाकर संघर्ष को नया मोड़ दे दिया है। रिपोर्टों के अनुसार, यह जहाज कथित तौर पर रूस के लिए सैन्य कार्गो ले जा रहा था।

इस हमले के बाद ईरान और यूक्रेन के बीच कूटनीतिक तनाव चरम पर पहुंच गया है और तेहरान ने इस कार्रवाई को 'खुली आक्रामकता' करार दिया है।

तेहरान ने दी जंग की आग फैलने की चेतावनी

ईरानी विदेश मंत्रालय ने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए इसे एक ऐसा कदम बताया है जो जंग की आग को और भड़का सकता है। तेहरान में तैनात यूक्रेन के chargé d'affaires को विरोध दर्ज कराने के लिए तलब किया गया है।

ईरानी अधिकारियों का कहना है कि इस 'दुस्साहस' के लिए यूक्रेन और उसे उकसाने वाले उसके समर्थक देश पूरी तरह जिम्मेदार होंगे। हालांकि, हमले में जहाज को कितना नुकसान हुआ है, इसकी अभी तक पुष्टि नहीं हो पाई है।

कीव और स्लोवियांस्क पर रूस का कहर

एक तरफ यूक्रेन ने समुद्र में पलटवार किया है, तो दूसरी तरफ रूस ने यूक्रेनी शहरों पर मिसाइलों की बरसात कर दी है। शनिवार रात रूस ने कीव पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया, जिसमें एक आवासीय इमारत को निशाना बनाया गया। इससे पहले शुक्रवार को राजधानी में हुए एक हमले में कम से कम 10 लोगों की मौत हुई थी और 100 से ज्यादा घायल हुए थे।

वहीं, स्लोवियांस्क शहर पर रूसी ग्लाइड बमों की बमबारी में 5 नागरिकों की जान चली गई। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने आगाह किया है कि रूस आने वाले समय में राजधानी पर और भी बड़े मिसाइल हमले कर सकता है।

30 हजार उत्तर कोरियाई सैनिकों की एंट्री?

युद्ध के बढ़ते दायरे के बीच राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने एक और बड़ा दावा किया है। जेलेंस्की के मुताबिक, खुफिया रिपोर्ट संकेत दे रही हैं कि रूस अब अपनी सेना की कमी को पूरा करने के लिए 30,000 उत्तर कोरियाई सैनिकों को युद्ध के मैदान में उतारने की तैयारी कर रहा है।

इसके साथ ही पुतिन रूस के अंदर नए सिरे से लामबंदी के लिए जमीन तैयार कर रहे हैं, क्योंकि जंग के मैदान में रूसी सेना का नुकसान उनकी भर्ती क्षमता से कहीं ज्यादा हो गया है।

बढ़ता वैश्विक खतरा कैस्पियन सागर में हुई इस घटना ने दुनिया भर के विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है। कैस्पियन सागर का इलाका अब तक सीधा युद्ध क्षेत्र नहीं था, लेकिन यूक्रेन की इस कार्रवाई ने दिखा दिया है कि वह रूस की सप्लाई लाइन को कहीं भी निशाना बनाने की क्षमता रखता है। उधर, तेहरान और मॉस्को के बीच बढ़ती सैन्य जुगलबंदी ने पश्चिम और नाटो देशों के लिए भी नई चुनौती खड़ी कर दी है।

5 राज्यों के चुनाव में BJP को ₹1,473 करोड़ का चंदा, कांग्रेस से 7 गुना ज्यादा; जानें कहां कितना किया खर्च

गांधीनगर में बड़ा हादसा, स्लैब गिरने से मचा हड़कंप, मलबे में दबे 10 लोग; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

Chidambaram vs PM Modi: दिमागी नक्सल कहे जाने पर चिदंबरम ने क्यों जताई खुशी? नाराज फूफा पर भी किया पलटवार

रांची में बड़ा हादसा, भरभराकर गिरी जर्जर पानी टंकी, मलबे में दबे कई मजदूर; एक की मौत

INDIA गठबंधन की तरह विजय ने बनाया सेक्युलर सोशल जस्टिस विक्ट्री अलायंस, TVK समेत 4 पार्टियां हुईं शामिल