रूस का यूक्रेन पर हमला, फाइल फोटो  
विदेश

पुतिन के मिसाइल हमलों से दहला यूक्रेन, 12 की मौत; रूस ने औद्योगिक शहरों को बनाया निशाना

Russia Ukraine War: रूस के हवाई हमलों में यूक्रेन के 12 नागरिकों की मौत हो गई है, जबकि यूक्रेन के पलटवार ने मास्को समेत कई रूसी शहरों में ईंधन और पेट्रोलियम पदार्थों का बड़ा संकट खड़ा कर दिया है।

अमन उपाध्याय

Russia Ukraine War Dnipro Missile Attack: रूस और यूक्रेन के बीच चल रहा तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है, जहां युद्ध की आग केवल सीमाओं तक सीमित नहीं रह गई है। हाल के हुए हमलों में ऊर्जा और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाए जाने से न केवल यूक्रेन में बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान हुआ है, बल्कि रूस के भीतर भी ईंधन संकट पैदा हो गया है।

यूक्रेन में रूसी मिसाइलों का तांडव

रूस की ओर से सोमवार को किए गए भीषण हवाई हमलों ने यूक्रेन के कई शहरों को दहला दिया। ये हमले उस समय हुए जब लोग अपने घरों से बाहर खुले स्थानों पर मौजूद थे, जिसके कारण हताहतों की संख्या काफी अधिक रही है। प्रशासनिक अधिकारियों का मानना है कि मलबे और गंभीर रूप से घायलों की स्थिति को देखते हुए मरने वालों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है।

सबसे दर्दनाक मंजर यूक्रेन के निप्रो शहर में देखने को मिला, जहां एक रूसी मिसाइल सीधे एक मिनी बस से जा टकराई। इस हमले में 6 निर्दोष लोगों की मौके पर ही मौत हो गई और 29 अन्य घायल हो गए। इसके अलावा, यूक्रेन के नियंत्रण वाले जपोरीजिया क्षेत्र में भी रूसी हमलों ने 3 लोगों की जान ले ली, जबकि खार्कीव में एक युवती की मौत और 10 लोगों के घायल होने की खबर सामने आई है।

https://twitter.com/ZelenskyyUa/status/2071551747076583782

रूस के भीतर 'तेल का अकाल'

यूक्रेन ने भी इस युद्ध में अपनी रणनीति बदलते हुए रूस के आर्थिक और ऊर्जा केंद्रों पर सीधा प्रहार किया है। यूक्रेनी सेना ने रूस की कई बड़ी रिफायनरियों, तेल-गैस गोदामों और प्रमुख पाइपलाइनों को निशाना बनाया है। इन सटीक हमलों का परिणाम यह हुआ है कि रूस की राजधानी मास्को सहित देश के दक्षिणी हिस्सों और रूसी नियंत्रण वाले क्रीमिया में पेट्रोलियम पदार्थों का गंभीर संकट पैदा हो गया है।

रूसी अधिकारियों को मजबूरन इन क्षेत्रों में ईंधन की बिक्री को सीमित करना पड़ा है। यूक्रेन के इन हमलों ने न केवल रूस की घरेलू आपूर्ति व्यवस्था को हिला दिया है, बल्कि उसके अंतरराष्ट्रीय तेल और गैस निर्यात को भी बुरी तरह प्रभावित किया है।

पुतिन की उच्चस्तरीय बैठक

यूक्रेन का आरोप है कि रूस जानबूझकर उसके प्रमुख औद्योगिक शहरों निप्रो, जपोरीजिया और खार्कीव को निशाना बना रहा है ताकि नागरिक सुविधाओं और अर्थव्यवस्था को ध्वस्त किया जा सके। रूस के इन हमलों से यूक्रेन को जान और माल दोनों का भारी नुकसान उठाना पड़ा है।

दूसरी ओर, रूस के भीतर बिगड़ती स्थिति को देखते हुए राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने एक आपातकालीन उच्चस्तरीय बैठक बुलाई। बैठक के दौरान पुतिन ने स्वीकार किया कि तेल ठिकानों पर हमलों के बाद स्थिति काफी मुश्किल" बनी हुई है। हालांकि, उन्होंने दावा किया कि इस संकट पर जल्द ही नियंत्रण पा लिया जाएगा और इसके लिए सरकार ने युद्धस्तर पर प्रयास शुरू कर दिए हैं।

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