France Give Ukraine Missile Interceptors: फ्रांस ने यूक्रेन को रूस के खिलाफ युद्ध में नई मिसाइल इंटरसेप्ट का ऐलान किया है। ये मिसाइलें रूस द्वारा दागी जाने वाली मिसाइलों को हवा में ही खत्म करने में मदद करेंगी। रूस और यूक्रेन करीब साढ़े चार साल से युद्ध लड़ रहे हैं। इसमें यूरोपीय देश जैसे ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और पोलैंड रूस के खिलाफ हथियार देकर यूक्रेन की मदद कर रहे हैं।
फ्रांस ने यूक्रेन को मिसाइल इंटरसेप्ट देने का फैसला ऐसे समय में किया है, जब बीते कुछ महीनों में रूस ने यूक्रेन पर अपने हमले तेज किए हैं। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने यूक्रेन को मिसाइल इंटरसेप्ट देने को लेकर कहा कि उन्हें अपने आसमान की रक्षा करने और रूसी हमलों को रोकने के लिए जरूरी सभी साधन देना आवश्यक है।
रूस ने बीते शुक्रवार और शनिवार को यूक्रेन के कई इलाकों में जबरदस्त हमले किए हैं। इसमें अब तक कम से कम 13 लोगों की मौत की खबर है। इनमें यूक्रेन में 7, रूस में 4 और रूस के कब्जे वाले क्रीमिया में 2 लोगों की मौत हुई है। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, इस साल यूक्रेन में नागरिकों की मौत का आंकड़ा युद्ध के शुरुआती महीनों के बाद सबसे ज्यादा हो गया है।
रूस ने हाल के महीनों में यूक्रेन पर अपने हवाई हमले तेज किए हैं। रूस ने खासतौर पर यूक्रेन की राजधानी कीव पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है। बैलिस्टिक मिसाइलें बहुत तेज गति से अपने लक्ष्य तक पहुंचती हैं। ऐसे में लोगों को चेतावनी मिलने के बाद भी अंडरग्राउंड बंकर या शेल्टरों तक पहुंचने का टाइम नहीं मिलता। यूक्रेन पहले ही आधुनिक मिसाइल इंटरसेप्टर की कमी से जूझ रहा है। इसमें अमेरिकी पैट्रियट सिस्टम सबसे अहम हैं। जबकि यूक्रेन अपने बनाए हथियारों से रूसी बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकने में सक्षम नहीं हैं।
सोमवार को फ्रांस और ब्रिटेन की अगुआई वाले कोएलिशन ऑफ द विलिंग के सहयोगी एक अहम बैठक करने वाले हैं। जानकारी के मुताबिक, इसमें रूस को युद्धविराम के लिए तैयार होने के लिए दबाव बनाने की रणनीति पर चर्चा हो सकती है। रूस और यूक्रेन के बीच कई दौर की बातचीत हो चुकी है। जिसकी मध्यस्थता अमेरिका ने की थी। हालांकि इन बैठकों का कोई ठोस परिणाम नहीं निकला है।
वहीं अब अमेरिका ने भी अपना सारा ध्यान यूक्रेन-रूस युद्ध से हटाकर ईरान की ओर कर लिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप खुद ईरान से शांति वार्ता पर नजर बनाए हुए हैं। इसके अलावा ट्रंप इस बात से भी निराश हैं कि उनकी उम्मीद के मुताबिक रूस-यूक्रेन युद्ध जल्दी समाप्त नहीं हुआ।