US Iran Peace Talks Switzerland: एक ओर स्विट्जरलैंड में अमेरिका और ईरान के बीच अगले दौर की अहम बातचीत जारी है, वहीं दूसरी ओर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का सख्त रुख बरकरार है। रविवार को ट्रंप ने ईरान को लेकर एक बार फिर तीखी चेतावनी जारी करते हुए कहा कि यदि उसने लेबनान में अपने समर्थित समूहों की गतिविधियों पर रोक नहीं लगाई तो अमेरिका और अधिक कड़ा सैन्य कदम उठा सकता है।
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर पोस्ट करते हुए आरोप लगाया कि ईरान लेबनान में सक्रिय कुछ समूहों को आर्थिक मदद देकर अस्थिरता फैलाने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा, “ईरान को तुरंत उन समूहों को रोकना चाहिए जिन्हें वह धन मुहैया करा रहा है। यदि ऐसा नहीं हुआ तो अमेरिका ईरान के खिलाफ पहले से भी अधिक कठोर कार्रवाई करेगा।”
ट्रंप के इस बयान के बीच अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडलों के बीच अगले चरण की बातचीत रविवार शाम को स्विट्जरलैंड में प्रस्तावित है। बातचीत में हिस्सा लेने के लिए ईरानी प्रतिनिधिमंडल शनिवार देर रात स्विट्जरलैंड पहुंच गया था। वहीं अमेरिकी पक्ष का नेतृत्व करने के लिए उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भी रविवार को वहां पहुंचे।
इस वार्ता में मध्यस्थ की भूमिका निभाने के लिए पाकिस्तान का प्रतिनिधिमंडल भी स्विट्जरलैंड पहुंच चुका है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के नेतृत्व में पहुंचे पाकिस्तानी दल का स्विट्जरलैंड के विदेश मंत्रालय ने स्वागत किया। इस प्रतिनिधिमंडल में पाकिस्तान के फील्ड मार्शल असीम मुनीर भी शामिल हैं।
स्विट्जरलैंड पहुंचने के बाद पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सराहना करते हुए कहा कि उनके दूरदर्शी और प्रभावशाली नेतृत्व की वजह से यह महत्वपूर्ण बैठक संभव हो सकी है।
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शहबाज शरीफ ने कहा, “मैं पूरी ईमानदारी के साथ राष्ट्रपति ट्रंप का धन्यवाद करता हूं। उनकी पहल और नेतृत्व ने इस संवाद का रास्ता तैयार किया है। मुझे उम्मीद है कि यहां होने वाली बातचीत सकारात्मक और रचनात्मक साबित होगी तथा भविष्य में अच्छे परिणाम लेकर आएगी।” उन्होंने अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की भी प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में यह वार्ता सफल दिशा में आगे बढ़ सकती है।