ट्रेन में गर्भवती महिला को हुई प्रसव पीड़ा
ट्रेन में लुधियाना से खागा जा रही थी महिला
एंबुलेंस कर्मियों ने जच्चा-बच्चा को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया
Fatehpur Train woman delivery: लुधियाना से खागा जा रही ट्रेन में एक गर्भवती महिला के लिए सफर उस समय जिंदगी का यादगार पल बन गया, जब अचानक प्रसव पीड़ा शुरू होने के बाद चलती ट्रेन में ही बच्चे की किलकारी गूंज उठी। इस आपात स्थिति में फतेहपुर रेलवे स्टेशन पर तैनात एंबुलेंस कर्मियों की तत्परता से प्रसूता और नवजात को सुरक्षित जिला महिला अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल दोनों डॉक्टरों की निगरानी में हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय के अनुसार, 20 वर्षीय निशा पत्नी संदीप (24) अपने परिवार के साथ लुधियाना से फतेहपुर के खागा की यात्रा कर रही थीं। ट्रेन में सफर के दौरान अचानक उन्हें तेज प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। देखते ही देखते स्थिति ऐसी हो गई कि महिला का चलती ट्रेन में ही प्रसव हो गया। उस समय उनके साथ पति संदीप, ससुर राम नारायण (50) और सास भी मौजूद थीं।
घटना की जानकारी मिलने के बाद फतेहपुर रेलवे स्टेशन पर आपातकालीन एंबुलेंस को तत्काल भेजा गया। एंबुलेंस कर्मियों ने बिना देर किए प्रसूता और नवजात को आवश्यक प्राथमिक चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई। इस दौरान ईएमटी दिनेश सिंह और पायलट उदय भान ने स्थिति को संभालते हुए मां और बच्चे की सुरक्षा को प्राथमिकता दी।
प्राथमिक देखभाल के बाद एंबुलेंस कर्मियों ने जच्चा-बच्चा को सुरक्षित जिला महिला अस्पताल पहुंचाया। वहां दोनों को भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज किया जा रहा है। समय पर अस्पताल पहुंचने से प्रसूता और नवजात को आवश्यक चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध हो सकी।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी, फतेहपुर ने इस मानवीय कार्य के लिए ईएमटी दिनेश सिंह और पायलट उदय भान की सराहना की है। उन्होंने कहा कि आपात स्थिति में एंबुलेंस कर्मियों की तत्परता और कर्तव्यनिष्ठा से प्रसूता और नवजात को समय पर अस्पताल पहुंचाया जा सका। इस घटना ने आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की भूमिका और जरूरत के समय त्वरित सहायता के महत्व को भी रेखांकित किया है।
रिपोर्ट- ओम प्रकाश परिहार