Rules For Converting House Into PG: अगर आप अपने पुराने मकान को पेइंग गेस्ट यानी PG में बदलने की योजना बना रहे हैं, तो केवल कमरों का निर्माण और फर्नीचर लगाना पर्याप्त नहीं है। पुराने रिहायशी भवन को PG में बदलते समय उसकी स्ट्रक्चरल सेफ्टी, स्थानीय नियमों और सिक्योरिटी व्यवस्था का ध्यान रखना जरूरी है।
इसके लिए सबसे पहले योग्य सिविल इंजीनियर से स्ट्रक्चरल ऑडिट कराना चाहिए। साथ ही नगर निगम या संबंधित डेवलपमेंट अथॉरिटी से जरूरी परमिशन, बिजली कनेक्शन और फायर सेफ्टी जैसे नियमों की जानकारी लेना भी आवश्यक है।
पुराने मकान को PG में बदलने से पहले किसी योग्य सिविल इंजीनियर से पूरी बिल्डिंग का स्ट्रक्चरल ऑडिट करवाना जरूरी है। इससे मकान की नींव, छत, दीवारों और अन्य स्ट्रक्चरल हिस्सों की मजबूती का पता चलता है।
PG में एक्स्ट्रा बाथरूम, पानी की बड़ी टंकियां, गीजर, AC और अन्य फैसिलिटीज लगाने से बिल्डिंग पर ज्यादा लोड पड़ सकता है। इसलिए किसी भी तरह का कंस्ट्रक्शन या बदलाव करने से पहले उसकी स्ट्रक्चरल कैपेसिटी की जांच कराना जरूरी है।
पुराने मकानों में अक्सर एक या दो कॉमन बाथरूम होते हैं, जबकि PG में रहने वाले लोगों की संख्या के अनुसार एक्स्ट्रा बाथरूम की जरूरत पड़ सकती है। बड़े हॉल या कमरों में पार्टिशन करके जगह का बेहतर इस्तेमाल किया जा सकता है।
हालांकि कमरे बढ़ाने के चक्कर में हवा और रोशनी की व्यवस्था से समझौता नहीं करना चाहिए। प्रत्येक कमरे में पर्याप्त नैचुरल लाइट और वेंटिलेशन के लिए खिड़कियां या रोशनदान होना जरूरी है।
रिहायशी मकान में PG जैसी कमर्शियल एक्टिविटी शुरू करने से पहले स्थानीय नगर निगम या डेवलपमेंट अथॉरिटी के नियमों की जांच करनी चाहिए। कई शहरों में PG ऑपरेशन के लिए रजिस्ट्रेशन, NOC या अन्य परमिशन की जरूरत हो सकती है।
इसी तरह बिजली और पानी के कनेक्शन के नियम भी स्थानीय प्रावधानों पर निर्भर करते हैं। PG को घरेलू कनेक्शन पर चलाने से पहले यह जरूर जांच लें कि संबंधित डिपार्टमेंट के नियम क्या कहते हैं। नियमों का उल्लंघन होने पर जुर्माना या अन्य कार्रवाई हो सकती है।
PG में छात्र, छात्राएं और वर्किंग प्रोफेशनल्स रह सकते हैं, इसलिए सिक्योरिटी व्यवस्था मजबूत रखना बेहद जरूरी है। मुख्य एंट्री गेट पर केयरटेकर या सिक्योरिटी गार्ड की व्यवस्था की जा सकती है।
इसके अलावा एंट्री पॉइंट, कॉमन एरिया और कॉरिडोर में CCTV कैमरे लगाए जाने चाहिए। किरायेदारों के टू-व्हीलर और फोर-व्हीलर के लिए पर्याप्त पार्किंग स्पेस की व्यवस्था भी जरूरी है।
किसी भी PG में फायर सेफ्टी सबसे महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं में से एक है। इमारत में पर्याप्त फायर एक्सटिंग्विशर्स, इमरजेंसी एग्जिट और सुरक्षित बाहर निकलने का रास्ता होना चाहिए।
आपात स्थिति में लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए इमरजेंसी इवैक्युएशन प्लान तैयार रखना भी जरूरी है। पुराने मकान को PG में बदलते समय बिजली की वायरिंग, पानी की पाइपलाइन और अन्य जरूरी फैसिलिटीज की भी जांच व मरम्मत करानी चाहिए।
कुल मिलाकर, पुराने घर को PG में बदलने से पहले केवल कमाई की संभावना पर ध्यान देने के बजाय स्ट्रक्चरल सेफ्टी, स्थानीय कानूनी नियम और रहने वाले लोगों की सिक्योरिटी को प्राथमिकता देना जरूरी है।