Dwarf Galaxy And Hubble Telescope: अंतरिक्ष की रहस्यमयी दुनिया को लेकर चर्चा एक बार फिर से गर्म हो गई है और इस बार वजह एक ऐसी तस्वीर बनी है जिसे देखकर वैज्ञानिक भी रोमांचित हो गए हैं। कल्पना कीजिए कि पृथ्वी से 14 मिलियन प्रकाश वर्ष दूर मौजूद एक पूरी गैलेक्सी अचानक किसी चमकदार तारे की वजह से लगभग छिप जाए। ऐसा ही अद्भुत दृश्य हाल ही में हबल स्पेस टेलीस्कोप ने अपने कैमरे में कैद किया है।
जानकारी के लिए बता दें कि यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) द्वारा साझा की गई इस तस्वीर में एक नजदीकी तारा इतनी तेज चमक बिखेरता दिखाई दे रहा है कि उसके पीछे मौजूद विशाल गैलेक्सी PGC 39058 को देख पाना मुश्किल कर दिया है। वहीं इस तस्वीर में न सिर्फ खूबसूरत है बल्कि अंतरिक्ष के कई दिलचस्प पहलुओं को भी उजागर करती है।
ESA ने जानकारी साझा कि खगोलविदों के लिए दूर स्थित गैलेक्सियों का अध्ययन करना पहले से ही चुनौतीपूर्ण होता है। लेकिन PGC 39058 के मामले में स्थिति और जटिल हो गई क्योंकि पृथ्वी और इस गैलेक्सी के बीच एक बेहद चमकीला तारा आ गया। हबल की तस्वीर में यह तारा इतना ज्यादा प्रकाश फैलाता नजर आता है कि गैलेक्सी लगभग उसकी चमक में खो जाती है। हालांकि हबल के अत्याधुनिक ऑप्टिक्स और हाई-रिजॉल्यूशन कैमरों ने दोनों खगोलीय पिंडों को स्पष्ट रूप से रिकॉर्ड करने में सफलता हासिल की।
PGC 39058 एक ड्वार्फ मतलब बौनी गैलेक्सी है जो ड्रेको तारामंडल में स्थित है। यह पृथ्वी से करीब 14 मिलियन प्रकाश वर्ष दूर मौजूद है और इसमें लाखों तारे शामिल हैं। ऐसे में वैज्ञानिकों का मानना है कि इस गैलेक्सी के कई तारे सामने दिखाई देने वाले चमकीले तारे जैसे ही हो सकते हैं। लेकिन इसकी छोटी संरचना और अत्यधिक दूरी के कारण यह अपेक्षाकृत धुंधली दिखाई देती है।
हबल द्वारा ली गई इस तस्वीर की सबसे खास बात यह है कि इसमें केवल PGC 39058 ही नहीं, बल्कि बैकग्राउंड में कई और दूरस्थ गैलेक्सियां भी दिखाई दे रही हैं। तस्वीर को Advanced Camera for Surveys की मदद से कैद किया गया है, जिसमें पीले और निकट-इन्फ्रारेड फिल्टर का उपयोग किया गया।
ड्रेको तारामंडल उत्तरी गोलार्ध के आकाश में फैला एक विशाल तारामंडल है। प्राचीन यूनानी पौराणिक कथाओं में इसे 100 सिर वाले ड्रैगन से जोड़ा जाता है, जो सुनहरे सेबों की रक्षा करता था। यही वजह है कि यह तारामंडल वैज्ञानिकों के साथ-साथ इतिहास और पौराणिक कथाओं के शौकीनों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बना रहता है।