Vaibhav Sooryavanshi IPL Batting Technique: इस वक्त सिर्फ भारत में नहीं बल्कि पूरे विश्व क्रिकेट जगत में एक ही नाम गूंज रहा है और वो नाम वैभव सूर्यवंशी का है। आईपीएल 2025 में वैभव सूर्यवंशी के नाम को सबसे पहचाना। वहीं, अब आईपीएल 2026 में पूरी दुनिया उनकी विस्फोटक बल्लेबाजी के कौशल को सलाम कर रही है। 27 मई को राजस्थान रॉयल्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच एलिमिनेटर मुकाबला खेला गया। इस मैच में आरआर ने हैदराबाद को हराकर क्वालीफायर-2 में प्रवेश कर लिया। हैदराबाद के खिलाफ जीत में 15 वर्षीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अहम भूमिका निभाई।
एलिमिनेटर मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने 29 गेंदों में 97 रन की विस्फोटक पारी खेली। इस दौरान उनकी इस पारी में कुल 12 छक्के शामिल रहे। दूसरी तरफ सूर्यवंशी ने एक आईपीएल सीजन में सबसे ज्यादा 65 छक्के लगाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया है। इससे पहले ये रिकॉर्ड यूनिवर्स बॉस के नाम से मशहूर क्रिस गेल के पास था। साल 2012 में गेल ने 59 छक्के लगाए थे। वहीं, एलिमिनेटर मैच में वैभव सूर्यवंशी की घातक बल्लेबाजी के लिए उन्हें 'प्लेयर ऑफ द मैच' का अवॉर्ड दिया गया। इस दौरान 'बेबी बॉस' यानी वैभव सूर्यवंशी ने अपनी आक्रमक बल्लेबाजी का राज खोला।
वैभव सूर्यवंशी ने SRH के खिलाफ 'प्लेयर ऑफ द मैच' का खिताब जीतने के बाद कहा कि टीम हर जीत के बाद सकारात्मक सोच के साथ अगले मुकाबले की तैयारी में जुट जाती है। उन्होंने बताया कि उनका पूरा ध्यान सिर्फ उसी मैच पर रहता है, जिसमें वह खेल रहे होते हैं। वैभव ने कहा कि वह मैच से पहले थोड़ा सोचते जरूर हैं, लेकिन ज्यादा दबाव नहीं लेते। साथ ही उन्होंने यह भी माना कि अगर बल्लेबाजी में किसी सुधार की जरूरत महसूस होती है, तो वह उस पर मेहनत करते हैं।
इस मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी के पास IPL इतिहास का सबसे तेज शतक लगाने का मौका था, लेकिन वह यह उपलब्धि हासिल नहीं कर सके। इस पर उन्होंने कहा कि बल्लेबाजी करते समय उन्हें इस रिकॉर्ड के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। वैभव के मुताबिक आउट होने के बाद जब वह डगआउट में पहुंचे, तभी उन्हें इस रिकॉर्ड के करीब पहुंचने की बात पता चली। उन्होंने कहा कि मैच के दौरान उनका ध्यान सिर्फ खेल की स्थिति और गेंदबाजों को समझने पर रहता है।
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वैभव ने आगे कहा कि वह बल्लेबाजी करते समय यह सोचते हैं कि विरोधी टीम के गेंदबाजों का सामना किस तरह किया जाए ताकि मैच में दबदबा बनाया जा सके। उन्होंने साफ कहा कि उनका मुख्य लक्ष्य टीम के लिए ज्यादा से ज्यादा योगदान देना है। वैभव के अनुसार शतक बनाने के मौके आगे भी आएंगे, लेकिन इस समय पूरी टीम का फोकस सिर्फ ट्रॉफी जीतने पर है।